Jharkhand : बिना कार्ड वाले एक ही परिवार के कई लोग खुद को अलग परिवार का बताकर ले रहे राशन

Jharkhand : बिना कार्ड वाले एक ही परिवार के कई लोग खुद को अलग परिवार का बताकर ले रहे राशन

रांची : लॉकडाउन के मद्देनजर सरकार इस बात पर जोर दे रही है कि इस संकट की घड़ी में कोई भूखा न रहे। इसके लिए सरकार ने सभी राशन कार्डधारी और राशन कार्ड के लिए आवेदन करनेवाले समेत जिनके पास राशन कार्ड नहीं है, उन्हें भी एक रुपये प्रति किलो के हिसाब से 10 किलो चावल देने की योजना चलायी है।

लेकिन, अब शिकायतें आ रही हैं कि एक ही परिवार के कई लोग, जिनके पास राशन कार्ड नहीं है, इस योजना का गलत तरीके से लाभ उठा रहे हैं।

इस मसले की ओर मांडर विधायक बंधु तिर्की ने सरकार का ध्यान आकृष्ट किया है। विधायक बंधु तिर्की ने इस समस्या के समाधान के लिए सोमवार को सुझाव भी देते हुए कहा कि जिस तरह से पड़ोसी राज्य बिहार में राशन कार्ड के लिए आवेदन देनेवाले लोगों के लंबित आवेदन की स्वीकृति दी गयी है, ऐसे में झारखंड में जिन लोगों का तकनीकी कारणों से राशन कार्ड निर्गत नहीं हो पाया है, उस पर त्वरित कार्रवाई की जानी चाहिए।

साथ ही, बंधु तिर्की ने सुझाव दिया है कि एक ही परिवार के कई सदस्यों द्वारा बिना कार्ड के राशन उठाये जाने की जांच की जानी चाहिए, क्योंकि ऐसा करने से सरकार को परेशानी हो सकती है।

इस पर खाद्य आपूर्ति विभाग को संज्ञान लेने की जरूरत है, क्योंकि अगर एक ही परिवार के लोग 10-10 किलो राशन अलग-अलग लेंगे, तो राशन बांटनेवाले लोगों को भी परेशानी होगी। वहीं, ऐसे समय में जनता को नहीं समझाया जा सकता है, सरकार को इस ओर ध्यान देने की जरूरत है।


ख़बरें दबाव में हमेशा आपके हितों से समझौता करती रहेंगी। हमारी पत्रकारिता को हर तरह के दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।

HELP US

news aroma