Relief from Traffic Problems: राजधानी पटना में धरना-प्रदर्शन के लिए तय स्थान को बदलने की तैयारी की जा रही है। शहर में बढ़ती भीड़ और लगातार जाम की समस्या को देखते हुए District Administration ने यह फैसला लिया है।
प्रशासन का मानना है कि धरना स्थल बदलने से आम लोगों को होने वाली परेशानी कम होगी और यातायात व्यवस्था बेहतर हो सकेगी।

जिलाधिकारी ने किया निरीक्षण
जानकारी के अनुसार, समस्या के समाधान के लिए जिलाधिकारी Dr. Thiagarajan SM ने गर्दनीबाग स्थित धरना स्थल का निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने दूसरे संभावित स्थानों में चिह्नित जमीन का भी जायजा लिया। साथ ही अंचलाधिकारी से जमीन की स्थिति और स्वामित्व को लेकर रिपोर्ट मांगी गई है, ताकि अंतिम निर्णय लिया जा सके।
ट्रैफिक दबाव होगा कम
प्रशासन का कहना है कि Marine Drive के पास नया धरना स्थल बनने से मुख्य सड़कों पर पड़ने वाला दबाव घटेगा।
फिलहाल गर्दनीबाग इलाके में धरना होने के कारण आसपास की संकरी गलियों और सड़कों पर अक्सर जाम लग जाता है, जिससे स्थानीय लोगों को काफी दिक्कत होती है।

पहले भी बदला जा चुका है धरना स्थल
पटना में धरना स्थल पहले भी बदले जा चुके हैं। वर्ष 1999 से पहले हड़ताली मोड़ के पास धरना स्थल था, जिससे नेहरू पथ पर जाम की स्थिति बनती थी।
कोर्ट के आदेश के बाद इसे आर ब्लॉक के पास शिफ्ट किया गया। 1999 से 2014 तक धरना वहीं होता रहा, लेकिन Harding Road पर बस स्टैंड बनने से परेशानियां बढ़ गईं। इसके बाद हाईकोर्ट के आदेश पर धरना स्थल को गर्दनीबाग लाया गया।
विधानसभा सत्र में बढ़ती मुश्किल
गर्दनीबाग में धरना होने से खासकर विधानसभा सत्र के दौरान हालात और बिगड़ जाते हैं। प्रदर्शनकारी जब बड़ी संख्या में विधानसभा की ओर बढ़ते हैं, तो पुलिस को कई रास्तों पर वाहनों की आवाजाही रोकनी पड़ती है। इससे शहर की यातायात व्यवस्था चरमरा जाती है।
समाधान की उम्मीद
अब प्रशासन एक बार फिर धरना स्थल बदलने पर विचार कर रहा है। उम्मीद है कि नया स्थान तय होने के बाद प्रदर्शन का अधिकार भी बना रहेगा और आम लोगों को रोजमर्रा की परेशानी से भी राहत मिलेगी।




