हेलीकॉप्टर हादसे में शहीद जितेंद्र कुमार का पार्थिव शरीर पहुंचा भोपाल

अंतिम दर्शन और श्रद्धांजलि देने उमड़ी भीड़

भोपाल: तमिलनाडु के कुन्नूर में बुधवार को हुए हेलीकॉप्टर एमआई-17 के क्रैश में सीडीएस जनरल बिपिन रावत सहित शहीद हुए सैनिकों में मध्य प्रदेश के सीहोर जिले के धामंदा गांव के 31 साल के पैरा कमांडो जितेंद्र वर्मा की भी मृत्यु हुई थी,

उनका पार्थिव शरीर रविवार दिल्ली से भोपाल एयरपोर्ट पर लाया गया। फिर यहां से पार्थिव शरीर सड़क मार्ग से ग्राम धामंदा (इच्छावर, सीहोर) के लिए भेजा गया । इस बीच भोपाल आते ही उनकी अंतिम दर्शन के लिए तमाम मंत्री, अधिकारी एवं अन्य लोग पहुंचे ।

अंतिम दर्शन कर श्रद्धांजलि अर्पित करने के लिए चिकित्सा शिक्षा, भोपाल गैस त्रासदी राहत एवं पुनर्वास विभाग के मंत्री विश्वास कैलाश सारंग,

भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश अध्यक्ष एवं सांसद विष्णुदत्त शर्मा, विधायक रामेश्वर शर्मा सहित भाजपा जिला अध्यक्ष सुमित पचौरी के साथ ही तमाम जन समुदाय एयरपोर्ट पर पहुंचा और अपने देश के वीर सपूत को अपनी श्रद्धांजलि दी।

भोपाल एयरपोर्ट पहुंचने के बाद उनका पार्थिव शरीर उनके गृह ग्राम धामंदा ले जाया जा रहा है, जहां उनका अंतिम संस्कार पूरे राजकीय सम्मान के साथ होगा।

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान भी शहीद को अंतिम विदाई देने के लिए धामंदा पहुंचेंगे। अपने पूरे गांव सहित इलाके के लिए प्रेरणा के स्रोत बने जितेंद्र कुमार की शहादत की खबर के बाद से ही गांव भर में मातम पसरा हुआ है।

इस संबंध में एसपी मयंक अवस्थी ने बताया कि जिला प्रशासन और पुलिस के अधिकारियों ने शहीद को अंतिम विदाई देने की पूरी तैयारियां कर ली है।

धामंदा गांव में हेलीपेड तैयार किया गया है। पैरा कमांडो की घर के बाहर बैरिकेडिंग कर दी गई है। अंत्येष्टि स्थल तक सभी के पहुंचने के लिए दो मार्ग बनाए गए हैं।

यहां गली-गली में जितेंद्र को श्रद्धांजलि देने वाले पोस्टर लग चुके हैं। अपने लाल को अंतिम विदाई देने के लिए गुलाब-गेंदे सहित अन्य प्रकार के फूलों की व्यवस्था की गई है।

उल्लेखनीय है कि जितेंद्र अपने पीछे अपने पिता शिवराज वर्मा, मां, दो भाई, दो बहनों के साथ पत्नी और एक साल के बेटे को छोड़ गए हैं।

जितेंद्र की अंतिम विदाई के वक्त सेना के प्रमुख अफसर भी मौजूद रहेंगे। देश सेवा में अपनी जान देने वाले नायक जितेंद्र के निधन से पूरा गांव दुखी है।

शहीद की अंतिम यात्रा की तैयारी में हर ग्रामीण जुटा हुआ है। गांव के हाईस्कूल में शहीद जितेंद्र वर्मा के परिजन, रिश्तेदार और महत्वपूर्ण लोगों के लिए वाहन पार्किंग व्यवस्था की गई है।

हम एक गैर-लाभकारी संगठन हैं। हमारी पत्रकारिता को किसी भी दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।
Back to top button