कोरोना की चौथी लहर से पाकिस्तान का हाल बेहाल, संक्रमण की रफ्तार तीन गुना तेज

इस्लामाबाद: पाकिस्तान कोरोना की चौथी लहर से जूझ रहा है। देश में पिछले तीन हफ्तों से भी कम समय में हर दिन कोरोना वायरस से संक्रमित पाए जाने वाले लोगों की संख्या तीन गुना बढ़ गयी है।

पाकिस्तान के स्वास्थ्य विशेषज्ञ कोरोना की चौथी लहर के लिए प्रधानमंत्री इमरान खान को दोषी ठहरा रहे हैं।

उनका मानना है कि कारोबार और पर्यटन स्थलों को फिर से खोले जाने से संक्रमण के मामलों में यह बढोत्तरी हुई है।

पाकिस्तानी स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने इमरान सरकार से लॉकडाउन लगाने की घोषणा करने का अनुरोध किया है ताकि ईद-उल-अजहा स्वास्थ्य संबंधी सख्त पाबंदियों के साथ मनाई जाए।

इन लोगों को डर है कि इस्लामिक धार्मिक त्योहार के दौरान बड़ी संख्या में लोग नमाज पढ़ने और दूसरे धार्मिक क्रियाकलापों के लिए इकट्ठा हो सकते हैं। इससे कोविड प्रोटोकॉल टूटने का खतरा ज्यादा है।

रविवार को जारी आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, पाकिस्तान में पिछले 24 घंटे में संक्रमण के 1,980 नए मामले सामने आए और संक्रमण दर 409 प्रतिशत रही। 21 जून को संक्रमण के केवल 663 नए मामले आए थे।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य सेवा मंत्रालय ने बताया कि यह पहली बार है, जब 30 मई के बाद से संक्रमण दर चार प्रतिशत के पार चली गई है। 30 मई को संक्रमण दर 405 प्रतिशत दर्ज की गई थी।

पाकिस्तान में कोरोना वायरस की चपेट में आ चुके लोगों की कुल संख्या 9,73,284 हो गई है जबकि पिछले 24 घंटों में 27 और लोगों के जान गंवाने से मृतकों की संख्या 22,582 हो गई है।

आंकड़ों के मुताबिक, 9,13,203 लोग इस महामारी से पूरी तरह उबर चुके हैं, लेकिन करीब 2,119 लोगों की हालत गंभीर है, जिसका मतलब है कि मृतकों की संख्या बढ़ सकती है।

सरकार टीकाकरण पर जोर दे रही है और अभी तक कोविड-19 रोधी टीके की 1.90 करोड़ से अधिक खुराक लगाई जा चुकी हैं।

विपक्षी दलों की चेतावनियों और छात्रों के प्रदर्शन के बावजूद सरकार माध्यमिक और उच्च माध्यमिक की बोर्ड परीक्षाएं करा रही है, जिससे संक्रमण के मामले बढ़ सकते हैं।

वहीं, वैक्सीन की कमी भी पाकिस्तान सरकार के कोरोना कंट्रोल वाले ख्वाब पर पानी फेर सकती है।

हम एक गैर-लाभकारी संगठन हैं। हमारी पत्रकारिता को किसी भी दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।
Back to top button