झारखंड

झारखंड : पटरी पर दौड़ती रही बिना इंजन मालगाड़ी, उतरे तीन डिब्बे

घटना की सुचना के बाद मौके पर रेल कर्मचारी और अधिकारी सुबह तड़के घटना स्थल पर पहुंचे

चक्रधरपुर: जिले के डांगुवापोसी रेलवे यार्ड में बीती रात मालगाड़ी के दो डिब्बे सहित गार्ड बोगी रोल डाउन होने का बड़ा मामला सामने आया है।

इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ लेकिन इस घटना को रेलवे की बड़ी लापरवाही के रूप में देखा जा रहा है।

घटना बीती रात त़करीबन 11.30 बजे की बतायी जा रही है। जानकारी के मुताबिक यार्ड में संटिंग का कार्य किया जा रहा था।

इसी दौरान मालगाड़ी के दो डिब्बे सहित एक गार्ड बोगी लुढ़ककर रोल डाउन हो गयी। तकरीबन एक किलोमीटर तक मालगाड़ी के तीनों डिब्बे बिना किसी चालक और नियंत्रक के रेल पटरी पर दौड़ने लगी।

आखिररकार तीनों डिब्बे तेज रफ्तार में जाकर पटरी के डेड एंड से जा टकराई। इसमें तीनों डिब्बे पटरी से उतर गए।

घटना की सुचना के बाद मौके पर रेल कर्मचारी और अधिकारी सुबह तड़के घटना स्थल पर पहुंचे। और पटरी से उतरी दुर्घटनाग्रस्त मालगाड़ी के दो डिब्बे सहित गार्ड बोगी को उठाने का काम शुरू किया।

झारखंड : पटरी पर दौड़ती रही बिना इंजन मालगाड़ी, उतरे तीन डिब्बे

इस दौरान रिलीफ ट्रेन भी मौके पर पहुंची और तकनीक व संसाधन के जरिये ट्रेन को पटरी पर वापस लाने की कोशिश हुई।

शाम साढ़े पांच बजे तक घटना स्थल से मात्र एक ही डिब्बे को पटरी पर लाया जा सका था। जबकि बाकि के डिब्बों को पटरी पर लाने काम जारी था। फिलहाल इस घटना को रेलवे की बड़ी लापरवाही के रूप में देखा जा रहा है।

वहीं रेल मंडल के बड़े अधिकारियों ने घटना को लेकर जांच के आदेश दे दिए हैं। बताया जा रहा है की सुरक्षा मानकों को ताक पर रखकर संरक्षा से खिलवाड़ करते हुए आपाधापी में ट्रेनों के परिचालन को लेकर रेलवे कई लापरवाही बरत रही है। जिसकी वजह से यह हादसा हुआ है।

झारखंड : पटरी पर दौड़ती रही बिना इंजन मालगाड़ी, उतरे तीन डिब्बे

इससे पहले भी रेल मंडल में रेल हादसों की कई घटनाएं हो चुकी है। इसके बावजूद चक्रधरपुर रेल मंडल कोई सबक लेता नजर नहीं आ रहा है।

हाल के दिनों में हुई बड़े रेल हादसों के बाद रेलवे बोर्ड ने भी रेल मंडलों को ट्रेनों के परिचालन में सावधानी बरतने व सभी सुरक्षा मानकों का गंभीरता से पालन करने का निर्देश भी जारी किया गया था पर इसका अमल नहीं हो रहा हैं।

रेल परिचालन में लापरवाही का सिलसिला नहीं रुका तो किसी दिन रेल मंडल में बड़ा हादसा भी हो सकता है।