अमेरिका के वैज्ञानिकों ने किया दावा, फाइज़र और मॉडर्ना की वैक्सीन नए वेरिएंट पर भी है असरदार

नई दिल्ली: अमेरिका के वैज्ञानिकों ने दावा किया है कि फाइजर और मॉडर्ना की वैक्सीन भारत में कोरोना के दो नए वेरिएंट के खिलाफ भी काम करती है।

ये अध्ययन एनवाईयू ग्रॉसमैन स्कूल ऑफ मेडिसिन और एनवाईयू लैंगोन सेंटर की तरफ से किया गया है।

इस स्टडी पर नज़र रखने वाले एक वैज्ञानिक ने बताया, ‘हमने स्टडी में पाया कि वैक्सीन की एंटीबॉडी नए वेरिएंट के खिलाफ थोड़े कमजोर हैं, लेकिन फिर भी ये वैक्सीन इस वेरिएंट के खिलाफ लड़ने के लिए काफी है।

यानी हम ये कह सकते हैं कि फाइजर और मॉडर्ना की वैक्सीन भारत में कोरोना के दो नए वेरिएंट के खिलाफ असरदार है।’

बता दें कि अमेरिका में इन दिनों फाइजर और मॉडर्ना की वैक्सीन लगाई जा रही है।

रिसर्च करने वाले वैज्ञानिकों ने ऐसे लोगों के सैंपल लिए जिन्हे ये वैक्सीन लगाई जा रही है।

इसके बाद लैब में ये पता लगाया गया कि क्या ये दोनों वैक्सीन भारत मे कोरोना के दो नए वेरिएंट बी.1.617 या बी.1.618 के खिलाफ काम करती है या नहीं।

वैज्ञानिकों के मुताबिक बी.1.617 के प्रभाव को ये वैक्सीन चार गुना कम कर देती है। जबकि बी.1.618 के खिलाफ ये तीन गुना तक असरदार है।

एक स्टडी के मुताबिक फाइजर की एफिकेसी रेट सबसे ज्यादा 95फीसदी है, जबकि मॉडर्ना का असर 94.1फीसदी माना जा रहा है।

अधिकतर विशेषज्ञ फाइजर वैक्सीन को सबसे सफल मान रहे हैं। ये वैक्सीन एमआरएनए तकनीक पर काम करती है।

बता दें कि भारत सरकार की भी इन दोनों इन दोनों कंपनियों बातचीत चल रही है और उम्मीद की जा रही है कि जल्द ही डील पक्की हो जाएगी।

बता दें ‎कि भारत में कोरोना वायरस के नए वेरिएंट ने तबाही मचा रखी है।

दुनिया के कई एक्सपर्ट्स दावा कर रहे हैं कि कुछ वैक्सीन कोराना के इस वेरिएंट के खिलाफ ज्यादा असरदार नहीं है।

हम एक गैर-लाभकारी संगठन हैं। हमारी पत्रकारिता को किसी भी दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।
Back to top button