Questions on Democracy and Student Safety: झारखंड सरकार के स्वास्थ्य मंत्री Dr. Irfan Ansari ने हाल की घटनाओं को लेकर सरकार और व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
उन्होंने कहा कि पटना में NEET की तैयारी कर रही एक छात्रा की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत ने पूरे System की सच्चाई सामने ला दी है।

यह केवल एक परिवार की त्रासदी नहीं है, बल्कि शिक्षा व्यवस्था (Education System) और सरकार की बड़ी नाकामी को दिखाता है।
छात्राओं की सुरक्षा सरकार की जिम्मेदारी
Dr. Irfan Ansari ने कहा कि जो छात्र-छात्राएं देश और समाज की सेवा करने का सपना लेकर आगे बढ़ते हैं, उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार की जिम्मेदारी है।
इस जिम्मेदारी में हुई किसी भी तरह की चूक को स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने साफ कहा कि इस मामले में प्रशासन की भूमिका पर सवाल उठना जरूरी है।
मामले को भटकाने का आरोप
स्वास्थ्य मंत्री ने आरोप लगाया कि जब पीड़ित परिवार ने निष्पक्ष जांच और न्याय की मांग की, तब सरकार और प्रशासन की ओर से मामले को भटकाने की कोशिश की गई।

उन्होंने कहा कि जवाबदेही से बचने के लिए सच्चाई को दबाने का प्रयास किया गया, जो बेहद चिंताजनक है।
सांसद की गिरफ्तारी पर नाराजगी
Dr. Irfan Ansari ने सांसद पप्पू यादव की गिरफ्तारी को लोकतंत्र पर हमला बताया।
उन्होंने कहा कि सांसद पीड़ित छात्रा के लिए न्याय की आवाज बनकर सामने आए थे, लेकिन उनकी गिरफ्तारी राजनीतिक प्रतिशोध की तरह लगती है। मंत्री ने BJP सरकार से सांसद को तुरंत रिहा करने की मांग की।
जनता को चेतावनी
स्वास्थ्य मंत्री ने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर सांसद को रिहा नहीं किया गया और सच्चाई सामने नहीं लाई गई, तो जनता लोकतांत्रिक तरीके से इसका कड़ा विरोध करेगी। उन्होंने कहा कि ऐसी व्यवस्था जनता के हित में नहीं हो सकती।
न्याय और लोकतंत्र की रक्षा की मांग
डॉ. इरफान अंसारी ने साफ शब्दों में कहा कि यह मामला राजनीति का नहीं, बल्कि न्याय और लोकतंत्र की रक्षा का है।
उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच हो, दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए और जनता की आवाज को दबाने की कोशिश तुरंत बंद की जाए।




