
नयी दिल्ली : नागर विमानन मंत्रालय ने कहा कि पश्चिम एशिया में हवाई क्षेत्र पर लगे प्रतिबंधों के कारण भारतीय एयरलाइन कंपनियों द्वारा रविवार को 444 अंतरराष्ट्रीय उड़ानें रद्द किए जाने की संभावना है।
नागर विमानन मंत्रालय ने शनिवार को इजराइल और अमेरिका द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के मद्देनजर उड़ानों में व्यवधान की पृष्ठभूमि में विमानन हितधारकों की तैयारियों की समीक्षा की। मंत्रालय ने रविवार सुबह सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘ईरान और पश्चिम एशिया के कुछ हिस्सों में हवाई क्षेत्र पर प्रतिबंधों के कारण 28 फरवरी को घरेलू एयरलाइन की 410 उड़ानें रद्द कर दी गईं और एक मार्च को 444 उड़ानें रद्द होने की आशंका है।’’ विमानन नियामक नागर विमानन महानिदेशालय (डीजीसीए) सुरक्षा एवं परिचालन नियमों के पूर्ण अनुपालन को सुनिश्चित करने के लिए एयरलाइन कंपनियों के साथ मिलकर काम कर रहा है।
इसके अलावा, संभावित मार्ग परिवर्तन तथा यात्रियों की सुगमता सुनिश्चित करने के लिए प्रमुख हवाई अड्डों पर परिचालन संबंधी अलर्ट जारी किए गए हैं। मंत्रालय ने बताया कि यात्रियों की सहायता, एयरलाइन समन्वय और टर्मिनल पर भीड़ प्रबंधन की कड़ी निगरानी की जा रही है और वरिष्ठ अधिकारियों को तैनात किया गया है।
मंत्रालय ने कहा कि यात्री सहायता नियंत्रण कक्ष (पीएसीआर) यात्रियों की चिंताओं पर लगातार नजर रख रहा है और उनके त्वरित समाधान के लिए सुविधा प्रदान कर रहा है। मंत्रालय ने कहा, ‘‘28 फरवरी को ‘एयरसेवा’ ने 216 शिकायतें दर्ज कीं और इसी अवधि के दौरान 105 शिकायतों का समाधान किया गया, जिससे प्रभावित यात्रियों को आवश्यक सहायता सुनिश्चित हुई।’’
