
गुमला : झारखंड प्रशासनिक सेवा के अधिकारी रहे दिलेश्वर महतो आइएएस में प्रोन्नति मिलने के बाद गुमला के डीडीसी की भूमिका का बखूबी निर्वहन कर रहे हैं। श्री महतो काफी संवेदनशील पदाधिकारी हैं और निचले और कमजोर तबके के लोगों से उनका प्रगाढ़ संबंध रहा है। लोगों के सुख-दुख में वे हमेशा शामिल रहे हैं। माता शारदा देवी और पिता स्व चौधरी महतो के बेटे दिलेश्वर महतो बुंडू के छोटकोलमा के रहने वाले हैं। वे ग्रामीण परिवेश में पले-बढ़े और उनकी प्रारंभिक शिक्षा मिडिल स्कूल एदलहातु बुंडू से हुई। इसके बाद उन्होंने दसवीं की परीक्षा एस एस हाई स्कूल खूंटी से पास की। उन्होंने मारवाड़ी कॉलेज से साइंस में इंटर किया और रांची कॉलेज से बीएससी ऑनर्स फिजिक्स में किया। वर्ष 1995 में उन्होंने बीपीएससी से बिहार प्रशासनिक सेवा में क्वालिफाई किया और 1996 में गुमला जिला का डिप्टी कलेक्टर (प्रोबेशनर) में ज्वाइन किया।ये ग्रामीण पृष्ठभूमि से होने के कारण स्थानीय समस्याओं को बेहतर ढंग से समझते हैं।
