
रांची : पुंदाग रांची स्थित सदगुरु कृपा अपना घर आश्रम में रह रहे 50 से अधिक निराश्रितों, दिव्यांग प्रभुजनों के बीच होली का पावन उत्सव अत्यंत हर्षोल्लास और भक्तिभाव के साथ मनाया गया। यह आयोजन श्री राधा कृष्ण प्रणामी मंदिर के प्रांगण में संपन्न हुआ, जहां रंगों के इस महापर्व ने सेवा, समर्पण और सामाजिक समरसता का सुंदर संदेश दिया।
कार्यक्रम की शुरुआत मंदिर के पुजारी पंडित अरविंद पांडेय की ओर से श्री राधा रानी की विधिवत पूजा-अर्चना एवं महाभोग अर्पण से हुई। वैदिक मंत्रोच्चार और भक्तिमय वातावरण के बीच उपस्थित श्रद्धालुओं ने भगवान से सुख-शांति एवं समृद्धि की कामना की। पूजा के उपरांत आश्रम में रह रहे निराश्रित जनों, दिव्यांगों एवं सेवादारों के बीच अबीर-गुलाल के साथ होली खेली गई।
होली के पारंपरिक गीतों और भजनों की मधुर धुन पर सभी ने एक-दूसरे को रंग लगाकर प्रेम और भाईचारे का परिचय दिया। आश्रम परिसर रंगों से सराबोर हो उठा और हर चेहरे पर मुस्कान खिल उठी। विशेष रूप से निराश्रित एवं दिव्यांग प्रभुजनों के चेहरे पर उत्साह और आत्मीयता की झलक ने कार्यक्रम को भावुक और प्रेरणादायक बना दिया।
इस अवसर पर ट्रस्ट के अध्यक्ष डूंगरमल अग्रवाल, उपाध्यक्ष राजेंद्र प्रसाद अग्रवाल और प्रवक्ता सह मीडिया प्रभारी संजय सर्राफ ने उपस्थित सभी लोगों को होली की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अपने उद्बोधन में कहा कि होली केवल रंगों का त्योहार नहीं, बल्कि आपसी प्रेम, सद्भाव और सामाजिक एकता का प्रतीक है। समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े लोगों के साथ पर्व मनाना ही सच्ची सेवा और मानवीयता है।कार्यक्रम के अंत में सभी के बीच स्वादिष्ट व्यंजनों का वितरण किया गया, जिसका सभी ने आनंद लिया। इस प्रकार सेवा, श्रद्धा और सौहार्द के वातावरण में होली का यह उत्सव यादगार बन गया।
