रेलवे की व्यवस्था पर फिर उठे सवाल! राजधानी व साप्ताहिक एक्सप्रेस के खाने में कीड़ा, बिरयानी में कॉकरोच मिलने से मचा हड़कंप

पटना-टाटा वंदे भारत और अन्य ट्रेनों में खाने में कीड़े और कॉकरोच मिलने से यात्रियों में रोष, आईआरसीटीसी ने शिकायत दर्ज कर कार्रवाई का आश्वासन दिया।

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पटना : पटना-टाटा वंदे भारत एक्सप्रेस में कीड़े वाली दही का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ था कि अब रेलवे की खान-पान व्यवस्था पर फिर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। दो नई घटनाओं ने यात्रियों की चिंता और बढ़ा दी है।

पहला मामला नई दिल्ली से हावड़ा जाने वाली राजधानी एक्सप्रेस का है। 31 मार्च को गुरुग्राम निवासी शेखर कुमार इस ट्रेन के फर्स्ट एसी कोच में सफर कर रहे थे। यात्रा के दौरान जब उन्हें खाना परोसा गया, तो मिक्स वेज सब्जी में कीड़ा देखकर वे हैरान रह गए। उन्होंने तुरंत पैंट्री मैनेजर से शिकायत की और रेल मदद ऐप पर भी इसकी जानकारी दर्ज कराई।

दूसरी घटना मदार-कोलकाता साप्ताहिक एक्सप्रेस से सामने आई है। इस ट्रेन में सफर कर रहे एक यात्री ने आईआरसीटीसी की ई-कैटरिंग सेवा के जरिए बिरयानी ऑर्डर की थी। लेकिन जैसे ही उन्होंने पैकेट खोला, उसमें कॉकरोच देखकर उनके होश उड़ गए। यह ऑर्डर धनबाद स्टेशन पर एक होटल से सप्लाई किया गया था। यात्री ने इस मामले की शिकायत भी रेल मदद पर दर्ज कराई।

जानकारी के मुताबिक, यह बिरयानी धनबाद स्टेशन रोड स्थित भारत हिंदू होटल से भेजी गई थी, जो आईआरसीटीसी की ई-कैटरिंग सेवा से जुड़ा हुआ है। इन घटनाओं के बाद एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं कि सख्त नियमों और भारी जुर्माने के बावजूद ट्रेनों में खाने की गुणवत्ता में सुधार क्यों नहीं हो रहा है। यात्रियों की सुरक्षा और स्वास्थ्य को लेकर लापरवाही चिंता का विषय बनती जा रही है। वहीं, आईआरसीटीसी ने इस मामले पर प्रतिक्रिया देते हुए इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया है। अधिकारियों का कहना है कि शिकायत दर्ज कर ली गई है और यात्री को इसकी जानकारी दे दी गई है। साथ ही, भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों, इसके लिए जरूरी कदम उठाए जाएंगे।

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विनीता चौबे को 10 साल का अनुभव है। उन्होनें सन्मार्ग से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। फिर न्यूज विंग, बाइस स्कोप, द न्यूज पोस्ट में भी काम किया। वे राजनीति, अपराध, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय घटनाओं से जुड़ी खबरों को सरल और तथ्यात्मक भाषा में पाठकों तक पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उनका प्रयास रहता है कि जमीनी स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को सही और विश्वसनीय जानकारी के साथ लोगों तक पहुंचाया जाए।