चीन ने अपना रक्षा बजट बढ़ाकर 275 अरब डॉलर किया

Neeral Prakash
3 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

बीजिंग: चीन ने अपने रक्षा बजट में 10 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि करते हुए बृहस्पतिवार को इसे 275 अरब अमेरिकी डॉलर कर दिया। यह पिछले वर्ष की तुलना में करीब 25 अरब डॉलर अधिक है और इसका उद्देश्य सशस्त्र बलों के आधुनिकीकरण को तेज कर अमेरिकी सेना के बराबर तक पहुंचना है। चीन के प्रधानमंत्री ली क्विंग ने बृहस्पतिवार को नेशनल पीपुल्स कांग्रेस (एनपीसी) में पेश अपनी कार्य रिपोर्ट में घोषणा की कि राष्ट्रीय रक्षा के लिए लगभग 1.9 ट्रिलियन युआन (करीब 275 अरब डॉलर) आवंटित किए जाएंगे।

रिपोर्ट में कहा गया है कि सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) में हिस्सेदारी, प्रति व्यक्ति रक्षा व्यय और प्रति सैनिक रक्षा खर्च जैसे प्रमुख मानकों के लिहाज से चीन का रक्षा खर्च तुलनात्मक रूप से अभी भी सीमित है। पिछले वर्ष चीन ने 2025 के लिए अपने रक्षा बजट में 7.2 प्रतिशत की वृद्धि कर इसे 249 अरब डॉलर करने की घोषणा की थी, जो 2024 की तुलना में लगभग 17 अरब डॉलर अधिक था।

अमेरिका के बाद दुनिया में दूसरे सबसे बड़े रक्षा बजट वाले चीन का सैन्य खर्च पिछले कुछ वर्षों से लगातार बढ़ रहा है। इससे भारत और अन्य पड़ोसी देशों पर आर्थिक चुनौतियों के बावजूद अपना रक्षा बजट बढ़ाने का दबाव बढ़ रहा है।
साल 2024 में चीन ने अपने रक्षा बजट में 7.2 प्रतिशत की बढ़ोतरी कर इसे लगभग 232 अरब डॉलर (1.67 ट्रिलियन युआन) कर दिया था, जो भारत के रक्षा बजट से तीन गुना से भी अधिक था। चीन अपने सभी सशस्त्र बलों के व्यापक आधुनिकीकरण की प्रक्रिया जारी रखे हुए है।

चीन द्वारा विमानवाहक पोतों के निर्माण, उन्नत नौसैनिक जहाजों के तेजी से निर्माण और आधुनिक स्टील्थ विमानों के विकास जैसे बड़े सैन्य आधुनिकीकरण कार्यक्रमों के कारण उसके रक्षा बजट के आंकड़ों को लेकर कई विशेषज्ञ संदेह भी जताते हैं।
इस बीच चीन ने बृहस्पतिवार को इस वर्ष के लिए अपने सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) वृद्धि लक्ष्य को घटाकर 4.5 – 5 प्रतिशत के बीच कर दिया। यह कदम ट्रंप प्रशासन के साथ व्यापारिक शुल्क विवाद, अमेरिका-ईरान युद्ध के बाद वैश्विक संकट और घरेलू अर्थव्यवस्था में संपत्ति बाजार की गिरावट तथा बेरोजगारी जैसी चुनौतियों को देखते हुए उठाया गया है।

Share This Article