महुआडांड़ से आई उम्मीद की किरण: 5 महीने से भटक रही आदिवासी विधवा को मिला न्याय, DC संदीप कुमार की संवेदनशीलता और मीडिया की ताकत ने बदली तस्वीर

महुआडांड़ की आदिवासी विधवा को पांच महीने बाद पारिवारिक पेंशन की राह मिली। डीसी संदीप कुमार की संवेदनशील पहल और मीडिया की सक्रियता से प्रशासन हरकत में आया।

Razi Ahmad
4 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

Family Pension : जहाँ चाह, वहाँ राह यह कहावत महुआडांड़ के जामटोली गांव में उस वक्त सच साबित हुई जब महीनों से सिस्टम की बेरुखी झेल रही एक आदिम जनजाति की विधवा की आंखों में फिर से सम्मान से जीने की चमक लौट आई। यह सिर्फ एक पेंशन की कहानी नहीं, बल्कि संवेदनशील प्रशासन, जागरूक मीडिया और जन-भागीदारी की जीत की कहानी है।

आंसुओं से मुस्कान तक का सफर

9 जनवरी 2026 का दिन महेश्वरी देवी के लिए काल बनकर आया। शिक्षा विभाग से सेवानिवृत्त शिक्षक पति स्व. शैलेंद्र बृजिया के निधन के बाद बुढ़ापे का एकमात्र सहारा ‘पारिवारिक पेंशन’ भी कागजी घोड़े दौड़ाने लगी। नेतरहाट SBI बैंक की लाइन, महुआडांड़ प्रखंड के चक्कर, लातेहार कोषागार के दरवाजे… हर जगह से एक 65 वर्षीय आदिवासी विधवा को सिर्फ ‘कल आना’ का जवाब मिलता रहा। 5 महीने तक फाइलें एक टेबल से दूसरी टेबल घूमती रहीं और महेश्वरी देवी का सब्र टूटता रहा।

जब कलम बनी तलवार और प्रशासन बना ढाल

इसी बीच महुआडांड़ के कर्मठ पत्रकारों ने इस दर्द को अपनी कलम से आवाज दी। मानवीय संवेदना से भरी इस खबर को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, वित्त मंत्री, मंत्री इरफान अंसारी और लातेहार के युवा व ऊर्जावान उपायुक्त संदीप कुमार तक ट्विटर, न्यूज, व्हाट्सएप और फोन के जरिए पहुंचाया गया। खबर की स्याही सूखती, उससे पहले ही DC संदीप कुमार एक्शन में आ गए। उन्होंने तुरंत संज्ञान लेते हुए कहा कहा – “एक वीर शहीद के परिवार या एक सेवानिवृत्त शिक्षक की विधवा को हक के लिए भटकना पड़े, यह बर्दाश्त नहीं। इसे मिशन मोड में निपटाएं।”_

24 घंटे में बदला सिस्टम का मिजाज

DC के निर्देश के बाद चमत्कार हो गया। नेतरहाट SBI शाखा प्रबंधक, कोषागार पदाधिकारी और प्रखंड प्रशासन एक टेबल पर आए। तय हुआ कि 19 जून 2026 को महेश्वरी देवी का पूर्ण आवेदन पटना स्थित CPPC यानी Centralized Pension Processing Centre भेज दिया जाएगा। CPPC से हरी झंडी मिलते ही अधिकतम 60 दिनों के भीतर हर महीने पेंशन महेश्वरी देवी के खाते में पहुंचने लगेगी।

गांव में जश्न, लोकतंत्र जिंदाबाद के नारे

जैसे ही यह सुखद खबर जामटोली-नेतरहाट पहुंची, पूरे इलाके में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों ने इसे ‘न्याय की जीत’ बताया। कांग्रेस प्रदेश प्रतिनिधि इफ्तेखार अहमद, कांग्रेस युवा प्रखंड अध्यक्ष आमिर सुहेल, जेएमएम युवा जिला सचिव परवेज आलम, प्रखंड जेएमएम सचिव याहिया अंसारी, समाजसेवी अनिल प्रसाद, आशित कुमार समेत सैकड़ों ग्रामीणों ने पत्रकारों का आभार जताया युवा नेता आमिर सुहेल ने कहाको आज साबित हो गया कि मीडिया और प्रशासन अगर चाह ले तो गरीब की झोपड़ी तक न्याय पहुंच सकता है। DC साहब और मीडिया बंधुओं ने इंसानियत की मिसाल पेश की है।”_

ग्रामीणों की भावुक अपील

इस ऐतिहासिक पहल से अभिभूत ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से जिला प्रशासन और मीडिया से एक मार्मिक अपील की है। महुआडांड़ झारखंड का अंतिम छोर है साहब। यहां आज भी बिजली आती-जाती है, अस्पताल में डॉक्टर नहीं, सड़कें टूटी हैं। हमारा प्रशासन से हाथ जोड़कर निवेदन है कि महुआडांड़ को विशेष प्राथमिकता दें। हर महीने कैंप लगाकर पेंशन, राशन, आवास की समस्याएं यहीं निपटाएं। और हमारे पत्रकार भाइयों से विनती है कि आप ऐसे ही हमारी टूटी-फूटी आवाज को सरकार के कानों तक पहुंचाते रहें।

Share This Article
रजी अहमद एक उभरते हुए कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग दो वर्षों का अनुभव है। उन्होंने न्यूज़ अरोमा में काम करते हुए विभिन्न विषयों पर लेखन किया और अपनी लेखन शैली को मजबूत बनाया। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कंटेंट राइटिंग, न्यूज़ लेखन और मीडिया से जुड़े विभिन्न पहलुओं में अच्छा अनुभव हासिल किया। वह लगातार सीखते हुए अपने करियर को आगे बढ़ा रहे हैं।