
निर्देशक संजय लीला भंसाली की फिल्म गंगूबाई काठियावाड़ी से बॉलीवुड में कदम रखने वाले अभिनेता शांतनु माहेश्वरी ने अपनी पहली ही फिल्म से दर्शकों का दिल जीत लिया। टेलीविजन और डांस की दुनिया में पहचान बनाने के बाद बड़े पर्दे पर उनका सफर लगातार चर्चा में रहा है। हाल ही में एक इंटरव्यू में शांतनु ने अपने करियर, असुरक्षाओं और भविष्य की योजनाओं को लेकर खुलकर बात की।
उम्मीदों का दबाव और खुद को साबित करने की चुनौती
शांतनु ने कहा कि भंसाली जैसे प्रतिष्ठित निर्देशक के साथ डेब्यू करना सम्मान की बात है, लेकिन इसके साथ बड़ी जिम्मेदारी भी आती है। उनके मुताबिक, सबसे बड़ा डर यही रहता है कि लोग उनकी पहली सफलता को “वन-टाइम वंडर” न समझें। उन्होंने कहा कि वह हर प्रोजेक्ट के जरिए यह साबित करना चाहते हैं कि वह लंबे समय तक इंडस्ट्री में टिकने वाले और हर तरह के किरदार निभाने वाले अभिनेता हैं।
टीवी से फिल्मों तक का सफर आसान नहीं था
‘दिल दोस्ती डांस’ से लोकप्रिय हुए शांतनु ने बताया कि टेलीविजन ने उन्हें पहचान और मजबूत फैन बेस दिया, लेकिन उनका सपना हमेशा फिल्मों में काम करने का था। उन्होंने स्वीकार किया कि इंडस्ट्री में उन्हें लंबे समय तक केवल एक डांसर के रूप में देखा गया। इस रूढ़िवादी छवि को तोड़ने के लिए उन्हें लगातार मेहनत करनी पड़ी और अपनी अभिनय क्षमता साबित करनी पड़ी।
आलिया भट्ट से मिली सीख, स्क्रिप्ट को देते हैं प्राथमिकता
शांतनु ने बताया कि पहली ही फिल्म में आलिया भट्ट जैसी प्रतिभाशाली अभिनेत्री के साथ काम करना उनके लिए सीखने का शानदार अवसर था। उन्होंने कहा कि आलिया के अनुशासन, समर्पण और काम के प्रति गंभीरता से उन्हें काफी प्रेरणा मिली। अब वह किसी भी प्रोजेक्ट को केवल चर्चा में बने रहने के लिए नहीं चुनते, बल्कि ऐसी स्क्रिप्ट को प्राथमिकता देते हैं जो उन्हें चुनौती दे और एक कलाकार के रूप में आगे बढ़ने का मौका दे।
संघर्ष ने बनाया मजबूत, अब एक्शन फिल्मों पर नजर
बॉलीवुड में बिना फिल्मी पृष्ठभूमि के आने वाले कलाकारों की चुनौतियों पर बात करते हुए शांतनु ने कहा कि हर ऑडिशन और हर रिजेक्शन ने उन्हें पहले से ज्यादा मजबूत बनाया। उन्होंने कहा कि भविष्य में वह खुद को सिर्फ रोमांटिक किरदारों तक सीमित नहीं रखना चाहते। उनकी इच्छा एक्शन और थ्रिलर फिल्मों में दमदार भूमिकाएं निभाने की है। साथ ही उन्होंने अपने प्रशंसकों का आभार जताते हुए कहा कि उनका प्यार और भरोसा ही उन्हें लगातार बेहतर करने की प्रेरणा देता है।

