
- ट्रंप के खिलाफ अमेरिका के अलावा, यूरोप, लातिन अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया समेत कम से कम 12 देशों में भी विरोध-प्रदर्शन हुए
वाशिंगटन : अमेरिका और यूरोप में ईरान युद्ध और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की नीतियों के खिलाफ विशाल प्रदर्शन हुए। ‘नो किंग्स’ रैलियों में बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लेकर ट्रंप की कार्रवाइयों का विरोध जताया। अमेरिका का मिनेसोटा प्रांत इस आंदोलन का मुख्य केंद्र बनकर उभरा, जहां हजारों लोगों ने एकजुटता दिखाते हुए ट्रंप की सख्त आव्रजन नीतियों के खिलाफ आवाज उठाई।
सेंट पॉल में कैपिटल लॉन में आयोजित मुख्य रैली में प्रसिद्ध गायक ब्रूस स्प्रिंगस्टीन भी शामिल हुए। 85 लाख की आबादी वाले न्यूयॉर्क शहर से लेकर दो हजार से भी कम आबादी वाले ड्रिग्स कस्बे तक लाखों लोग सड़कों पर उतर आए। अमेरिका के अलावा, यूरोप, लातिन अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया समेत कम से कम 12 देशों में भी विरोध-प्रदर्शन हुए।
रोम में हजारों लोग सड़कों पर उतरे और उन्होंने प्रधानमंत्री जॉर्जिया मेलोनी के खिलाफ नारे लगाए। प्रदर्शनकारियों ने इस्राइल और अमेरिका द्वारा ईरान पर किए गए हमलों के विरोध में बैनर भी लहराए।
