नागोया: भारतीय पुरुष वॉलीबॉल टीम का एशियाई खेलों में 40 साल बाद पदक जीतने का सपना बृहस्पतिवार को उस समय टूट गया जब उसे क्वार्टर फाइनल में चिर प्रतिद्वंद्वी और ऊंची रैंकिंग वाले पाकिस्तान के हाथों 0-3 से हार का सामना करना पड़ा। भारतीय खिलाड़ी पूरी तरह लय से बाहर नजर आए और विश्व रैंकिंग में 38वें स्थान पर काबिज पाकिस्तान के खिलाफ एक घंटे 22 मिनट तक चले पहले क्वार्टर फाइनल में 19-25, 23-25, 18-25 से हार गए। इस हार के साथ विश्व रैंकिंग में 48वें स्थान पर मौजूद भारत की 1986 में दक्षिण कोरिया में कांस्य पदक जीतने के बाद पहली बार पोडियम पर जगह बनाने की उम्मीद भी खत्म हो गई। पुरुष वॉलीबॉल में भारत ने एशियाई खेलों में दो अन्य पदक भी जीते हैं जो 1958 में कांस्य और 1962 में रजत पदक हैं।

भारत की ओर से अश्वल राय ने सर्वाधिक नौ अंक जुटाए जबकि जेरोम विनीत, जोएल बेंजामिन जेबराज और चिराग यादव ने आठ-आठ अंक बनाए।
पाकिस्तान की ओर से मुराद खान ने शानदार प्रदर्शन करते हुए 19 अंक जुटाए जबकि उस्मान फरयाद अली ने 13 अंक बनाए। भारत ने ग्रुप चरण में शानदार प्रदर्शन करते हुए सभी मुकाबले जीते थे। उसने वियतनाम, हांगकांग चीन और ऊंची रैंकिंग वाले कतर को हराकर अपने ग्रुप में शीर्ष स्थान हासिल किया था। भारत के मुख्य कोच ड्रेगन मिहाइलोविच ने कहा कि टीम को मुकाबले में अपने चार शुरुआती खिलाड़ियों की कमी बुरी तरह खली। हालांकि उन्होंने उनके नाम और उनके नहीं खेलने का कारण नहीं बताया।
उन्होंने कहा, ‘‘जब आपके चार शुरुआती खिलाड़ी मैच में नहीं होते हैं तो यह आसान नहीं होता। वे आज जिम (मैच स्थल) तक नहीं पहुंचे। वे वहां थे लेकिन कोर्ट पर नहीं उतरे। हमने कुछ खिलाड़ियों को बदलने की कोशिश की। इसलिए यह समस्या थी और मुकाबला मुश्किल हो गया। हमारी रिसीविंग अच्छी नहीं थी और हम गेंद को खत्म नहीं कर पा रहे थे। पाकिस्तान ने बहुत अच्छा खेला।’’ उन्होंने कहा, ‘‘सिर्फ इतना है कि पाकिस्तान ने आज बेहतर खेला और इसमें कोई समस्या नहीं है। उन्होंने जीत हासिल की और वे इसके हकदार थे। उन्हें बधाई।’’
मिहाइलोविच ने कहा, ‘‘हमें आज दोपहर खिलाड़ियों को साथ लाना होगा और उनसे बात करनी होगी।’’ पाकिस्तान के कोच लुइस अल्बर्टो टोरबियो गुटिएरेज ने कहा कि स्कोरलाइन के बावजूद पाकिस्तान के लिए मुकाबला आसान नहीं था। उन्होंने कहा, ‘‘यह हमारे लिए बहुत मुश्किल मुकाबला था। पाकिस्तान और भारत के बीच मुकाबले हमेशा बेहद कड़े और रोमांचक होते हैं। हमने बहुत अच्छा खेल दिखाया।’’


