
रांची: न्यायिक प्रक्रिया को अधिक तेज, पारदर्शी और आधुनिक बनाने के उद्देश्य से झारखंड पुलिस ने एक नई पहल शुरू की है। अब अदालतों द्वारा जारी किए जाने वाले समन की प्रक्रिया को डिजिटल माध्यम से पूरा किया जाएगा। इसके लिए ई-समन एप्लिकेशन (E-Summon Application) विकसित किया गया है। इस एप्लिकेशन के माध्यम से समन जारी होने से लेकर उसकी तामिला यानी संबंधित व्यक्ति तक पहुंचाने की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन की जाएगी। इससे अदालतों और पुलिस के काम में तेजी आने की उम्मीद है।
राज्य के सभी जिलों में नोडल अधिकारी नियुक्त होंगे
पुलिस मुख्यालय की ओर से जारी निर्देश के अनुसार इस नई व्यवस्था को लागू करने के लिए राज्य के सभी जिलों में जिला स्तर पर नोडल अधिकारी नियुक्त किए जाएंगे। इन्हें डिस्ट्रिक्ट एडमिन के रूप में जिम्मेदारी दी जाएगी। यह अधिकारी अपने-अपने जिले में ई-समन एप्लिकेशन के संचालन और निगरानी का कार्य संभालेंगे। साथ ही यह सुनिश्चित करेंगे कि सभी थानों में इस प्रणाली का सही तरीके से उपयोग किया जाए।
नोडल अधिकारियों की जिम्मेदारियां तय
नोडल अधिकारियों का मुख्य काम जिले के सभी थानों के पुलिस अधिकारियों के लिए यूजर आईडी तैयार करना होगा। इसके अलावा वे समन की डिजिटल तामिला सुनिश्चित करेंगे और इस एप्लिकेशन के प्रभावी क्रियान्वयन पर नजर रखेंगे। पुलिस मुख्यालय ने राज्य के सभी वरिष्ठ पुलिस अधीक्षकों (SSP) और पुलिस अधीक्षकों (SP) को निर्देश दिया है कि वे अपने जिले के नोडल अधिकारी का विवरण निर्धारित प्रारूप में 8 मार्च 2026 की दोपहर तक पुलिस मुख्यालय को भेजें।
पारंपरिक प्रक्रिया में लग जाता था अधिक समय
अभी तक समन भेजने की प्रक्रिया पारंपरिक तरीके से होती थी, जिसमें काफी समय लग जाता था। कई बार दस्तावेज खो जाने या देर से पहुंचने के कारण अदालत की कार्रवाई भी प्रभावित होती थी। ऐसे में इस डिजिटल प्रणाली से समन भेजने की प्रक्रिया तेज और अधिक प्रभावी हो सकेगी।
स्मार्ट पुलिसिंग की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
नई डिजिटल व्यवस्था लागू होने के बाद समन की रियल-टाइम ट्रैकिंग संभव हो पाएगी और पूरी प्रक्रिया में जवाबदेही भी तय होगी। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यह पहल राज्य में स्मार्ट पुलिसिंग और डिजिटल प्रशासन को मजबूत बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।
