मुंबई: बैंकिंग प्रणाली में भारी अतिरिक्त नकदी के बीच भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) ने सोमवार को दो एक दिवसीय परिवर्तनीय दर रिवर्स रेपो (वीआरआरआर) नीलामियों के जरिये प्रणाली से 2,10,192 करोड़ रुपये की नकदी निकाली। पहली नीलामी के दौरान केंद्रीय बैंक को दो लाख करोड़ रुपये की अधिसूचित राशि के मुकाबले 2,10,688 करोड़ रुपये की बोलियां मिलीं। उसने 5.24 प्रतिशत की भारित औसत दर पर 2,00,050 करोड़ रुपये स्वीकार किए।

दूसरी नीलामी में बैंकों की प्रतिक्रिया सुस्त रही, जहां 50,000 करोड़ रुपये की अधिसूचित राशि के मुकाबले सिर्फ 10,142 करोड़ रुपये की बोलियां मिलीं, जिसे केंद्रीय बैंक ने पूरी तरह स्वीकार कर लिया। पिछले दो महीनों में केंद्रीय बैंक ने बैंकिंग प्रणाली से अतिरिक्त नकदी निकालने और एक दिवसीय मुद्रा बाजार की दरों को रेपो दर के अनुरूप बनाए रखने के लिए कई वीआरआरआर नीलामियां आयोजित की हैं।
आरबीआई के आंकड़ों के अनुसार, चार अक्टूबर तक बैंकिंग प्रणाली में लगभग 5.16 लाख करोड़ रुपये की अधिशेष नकदी रहने का अनुमान है।बैंकों द्वारा एफसीएनआर (बी) जमा में भारी बढ़ोतरी के कारण बैंकिंग प्रणाली नकदी से भरपूर है। इसके अलावा, महीने के अंत में वेतन और पेंशन भुगतान सहित सरकारी खर्च ने भी बैंकिंग प्रणाली में नकदी को बढ़ाने का काम किया।


