गोड्डा की भगैया सिल्क को जल्द मिलेगा GI टैग, 20 हजार बुनकरों को मिलेगा लाभ

गोड्डा जिले की भगैया सिल्क को GI टैग मिलने से 20 हजार से अधिक बुनकरों को आर्थिक लाभ, वैश्विक पहचान और कानूनी सुरक्षा मिलेगी, जिससे सिल्क उद्योग को नई ऊंचाई मिलेगी।

Neeral Prakash
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गोड्डा : जिले की प्रसिद्ध भगैया सिल्क को भौगोलिक संकेत (GI) टैग मिलने का रास्ता साफ हो गया है। इस पहल से जिले के 20 हजार से अधिक बुनकर सीधे लाभान्वित होंगे। जीआई टैग प्रमाणन से भगैया सिल्क को वैश्विक पहचान, कानूनी सुरक्षा और बेहतर आर्थिक मूल्य प्राप्त होगा।

यह प्रयास झारक्राफ्ट और नाबार्ड के नेतृत्व में पिछले तीन वर्षों से किया जा रहा था। केंद्रीय उद्योग और वाणिज्य मंत्रालय में किए गए प्रजेंटेशन को मंजूरी मिल चुकी है। इसके लिए गणेश पीस फाउंडेशन ने भी सक्रिय भूमिका निभाई है।

भगैया तसर सिल्क, अपनी उत्कृष्ट बनावट और प्राकृतिक चमक के लिए जाना जाता है। GI टैग मिलने के बाद न केवल कारीगरों को उनके हस्तनिर्मित सिल्क साड़ियों और कालीनों का उचित मूल्य मिलेगा, बल्कि बिचौलियों की भूमिका भी कम होगी। इससे सिल्क उत्पादों की अंतर्राष्ट्रीय ब्रांडिंग और मार्केटिंग में आसानी होगी।

फाउंडेशन के सचिव अमलेश कुमार सिंह ने बताया कि GI टैग से बुनकरों की वैश्विक पहचान बढ़ेगी और यह पारंपरिक कला के संरक्षण तथा ग्रामीण महिला कारीगरों को आत्मनिर्भर बनाने में सहायक होगा।

गोड्डा जिले के ठाकुरगंगटी प्रखंड के भगैया, खुटहरी, माल तेतरिया और मानिकपुर पंचायतों में 20 हजार से अधिक बुनकर परिवार सिल्क कारोबार से जुड़े हैं। नाबार्ड की ओर से फाउंडेशन को REPO (रूरल एंटरप्रेन्योर प्रोमोशन ऑर्गनाइजेशन) के गठन की भी स्वीकृति दी गई है, जिससे तसर सिल्क की वैल्यू चेन और मजबूत होगी और कारीगरों को बेहतर प्रशिक्षण और बाजार उपलब्ध होगा। इस पहल से स्थानीय सिल्क उद्योग को नई ऊंचाई मिलेगी और झारखंड का यह प्रीमियम उत्पाद अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त करेगा।

 

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नीरल प्रकाश के पास पत्रकारिता में 2 वर्षों का अनुभव है। उन्होंने एंकरिंग, रिपोर्टिंग और स्क्रिप्ट राइटिंग में काम किया है। पिछले 2 सालों से वे IDTV इंद्रधनुष के साथ काम कर रही हैं, जहां उन्होंने ऑन-एयर प्रस्तुतिकरण के साथ-साथ बैकएंड कंटेंट क्रिएशन में भी योगदान दिया। समाचार रिपोर्टिंग के अलावा, उन्होंने आकर्षक स्क्रिप्ट तैयार करने और कहानी को पेश करने का अनुभव भी प्राप्त किया है।