
नई दिल्ली : तमिलनाडु कांग्रेस ने भारतीय जनता पार्टी की अगुवाई वाली केंद्र सरकार और राज्यपाल राजेंद्र अर्लेकर के ख़िलाफ़ शुक्रवार को राजधानी चेन्नई में विरोध प्रदर्शन किया और कहा कि विजय को सरकार बनाने का मौका मिलना चाहिए।गौरतलब है कि विधानसभा चुनावों में सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी तमिलगा वेत्री कड़गम (टीवीके) के प्रमुख विजय को अगली सरकार बनाने के लिए न्योता नहीं दिया गया है।
कांग्रेस का कहना है कि विजय को सरकार बनाने का न्योता मिलना चाहिए। 234 विधानसभा सीटों वाले तमिलनाडु में विजय की पार्टी ने 108 सीटों पर जीत दर्ज की है। जबकि बहुमत का आंकड़ा 118 है। कांग्रेस ने पहले ही अपने 5 विधायकों के साथ टीवीके को समर्थन दे दिया है। हालांकि, कांग्रेस के वरिष्ठ नेता मणिशंकर ने पार्टी के इस निर्णय की आलोचना की है। पूर्व केंद्रीय मंत्री मणिशंकर अय्यर ने तमिलनाडु में तमिलगा वेत्री कषगम (टीवीके) के साथ गठबंधन करने के कांग्रेस के फैसले को शुक्रवार को “बहुत खराब” करार दिया और कहा कि इससे “निम्न स्तर के राजनीतिक अवसरवाद” की बू आती है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ने इस बात पर जोर भी दिया कि अगर यह कदम द्रविड़ राजनीति के वर्चस्व वाले राज्य में “सांप्रदायिक भाजपा” के पिछले दरवाजे से प्रवेश की सुविधा प्रदान करता है तो यह सबसे खतरनाक और “राजनीतिक फुटबॉल” के इतिहास में सबसे खराब आत्मघाती गोल साबित होगा।

