
- मानसून की दस्तक से खिले महुआडांड़ के किसान, खेतों में लौटी रौनक
Neha Nischal: मानसून की पहली झमाझम बारिश ने महुआडांड़ के किसानों के मुरझाए चेहरों पर फिर से मुस्कान लौटा दी है। दो हफ्ते से आसमान की ओर टकटकी लगाए बैठे किसान अब पूरे जोश के साथ खेतों में उतर आए हैं। खेतों में हल चलते ही पूरे इलाके में रौनक लौट आई है।
खेतों में लौटा जीवन, गूंजी ट्रैक्टर-बैलों की आवाज
परहाटोली, कुरो, चैनपुर और कुरुंद के किसान धान की रोपनी की तैयारी में जुट गए हैं। खेतों में ट्रैक्टर की घरघराहट, बैलों के गले की घंटी और मेंड़ बांधते किसानों की चहल-पहल से पूरा माहौल खेतिहर हो गया है। किसान महेंद्र उरांव कहते हैं, “भगवान ने सुन ली। दो हफ्ते से बारिश का इंतजार कर रहे थे। इस बार समय पर पानी गिरा है तो उम्मीद है फसल भी अच्छी होगी।” पिछले साल कम बारिश से निराश किसान इस बार बंपर पैदावार की आस लगाए बैठे हैं।
बाजार में लौटी बहार, दुकानों पर लगी भीड़
बारिश शुरू होते ही महुआडांड़ बाजार के कृषि केंद्रों पर किसानों की भीड़ उमड़ पड़ी है। बीज, खाद, कीटनाशक और खेती के औजारों की बिक्री जोरों पर है। दुकानदार भी समय पर स्टॉक मंगाकर किसानों की मांग पूरी करने में जुटे हैं।
लातेहार की जिला कृषि पदाधिकारी नेहा निश्चल ने कहा, _”लातेहार जिला प्रशासन की ओर से किसानों के हित में हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं उन्होंने बताया कि जिले में बीज और खाद की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। सभी प्रखंडों में कृषि पदाधिकारियों को किसानों की मदद के लिए अलर्ट पर रखा गया है।
उम्मीद की हरियाली
पिछले साल सूखे की मार झेल चुके किसान इस बार पूरे उत्साह में हैं। खेत हो या बाजार, हर जगह एक ही चर्चा है इस बार धान बंपर होगासमय पर हुई बारिश ने किसानों की टूटी हुई उम्मीदों को फिर से जोड़ दिया है। कृषि विभाग ने भी किसानों से अपील की है कि वे मौसम के अनुसार बुआई करें और किसी भी समस्या के लिए नजदीकी कृषि कार्यालय से संपर्क करें।

