जमशेदपुर में ब्लिंकिट डिलीवरी वर्कर्स का विरोध, कम कमाई और पेआउट बढ़ाने की मांग को लेकर प्रदर्शन

जमशेदपुर के बिरसानगर में 60 से 70 ब्लिंकिट डिलीवरी वर्कर्स ने कम भुगतान, ऑर्डर की कमी और आईडी बंद करने की कथित धमकी के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।

3 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

जमशेदपुर: शहर के बिरसानगर जोन नंबर-1 स्थित ब्लिंकिट स्टोर के बाहर डिलीवरी वर्कर्स ने कम भुगतान, ऑर्डर की कमी और सुविधाओं के अभाव को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। स्थानीय मीडिया और सोशल मीडिया पर सामने आई रिपोर्टों के अनुसार, करीब 60 से 70 डिलीवरी वर्कर्स ने अपनी समस्याओं को लेकर नाराजगी जताई और कंपनी प्रबंधन से भुगतान व्यवस्था में सुधार की मांग की।

प्रदर्शन कर रहे डिलीवरी वर्कर्स का आरोप है कि पर्याप्त ऑर्डर नहीं मिलने और कम पेआउट के कारण उनकी कमाई लगातार प्रभावित हो रही है। कर्मचारियों के मुताबिक, कई बार एक घंटे काम करने के बावजूद उन्हें महज ₹40 से ₹50 तक की कमाई हो पाती है। वर्कर्स का कहना है कि पेट्रोल, वाहन रखरखाव और अन्य खर्चों को देखते हुए इतनी कम कमाई में परिवार चलाना मुश्किल हो रहा है।

आईडी बंद करने की धमकी का भी आरोप

प्रदर्शन में शामिल कुछ डिलीवरी वर्कर्स ने आरोप लगाया कि विरोध करने वाले कर्मचारियों की आईडी होल्ड की जा रही है। साथ ही प्रदर्शन जारी रखने पर आईडी दोबारा चालू नहीं करने की धमकी दिए जाने का भी दावा किया गया है।

उचित भुगतान, इंसेंटिव और सुरक्षा सुविधाओं की मांग

डिलीवरी वर्कर्स ने कंपनी प्रबंधन से प्रति ऑर्डर भुगतान बढ़ाने, पर्याप्त ऑर्डर उपलब्ध कराने, उचित इंसेंटिव देने और सुरक्षा सुविधाएं सुनिश्चित करने की मांग की है। कर्मचारियों का कहना है कि वे मेहनत के अनुरूप भुगतान और बेहतर कार्य परिस्थितियां चाहते हैं।जमशेदपुर में ब्लिंकिट डिलीवरी पार्टनर्स के भुगतान को लेकर पहले भी विरोध सामने आ चुका है। जुलाई 2026 में परसुडीह हब के डिलीवरी वर्कर्स ने पेआउट में कटौती और डिलीवरी क्षेत्रों में बदलाव का आरोप लगाते हुए हड़ताल की थी। हालांकि, परसुडीह की पिछली घटना और बिरसानगर के मौजूदा विरोध के बीच किसी सीधे संबंध की पुष्टि नहीं हुई है। कंपनी के आधिकारिक पक्ष का इंतजार : फिलहाल बिरसानगर में हुए प्रदर्शन और कर्मचारियों के आरोपों पर ब्लिंकिट प्रबंधन की आधिकारिक प्रतिक्रिया उपलब्ध नहीं है। ऐसे में कर्मचारियों की मांगों पर कंपनी की ओर से क्या कदम उठाए जाएंगे, यह स्पष्ट नहीं है।

Share This Article
विनीता चौबे को 10 साल का अनुभव है। उन्होनें सन्मार्ग से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। फिर न्यूज विंग, बाइस स्कोप, द न्यूज पोस्ट में भी काम किया। वे राजनीति, अपराध, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय घटनाओं से जुड़ी खबरों को सरल और तथ्यात्मक भाषा में पाठकों तक पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उनका प्रयास रहता है कि जमीनी स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को सही और विश्वसनीय जानकारी के साथ लोगों तक पहुंचाया जाए।