बॉलीवुड अभिनेत्री नेहा धूपिया ने अपने अभिनय करिअर से जुड़ा एक ऐसा खुलासा किया है, जिसने सबका ध्यान खींचा है. अभिनेत्री ने बताया कि उन्होंने अपने करिअर में दो बड़े प्रोजेक्ट्स के ऑफर ठुकरा दिए थे. इन फिल्मों और सीरीज में काम न कर पाने का मलाल उन्हें आज भी है. खास बात यह है कि इनमें शाहरुख खान की सुपरहिट फिल्म ‘चक दे! इंडिया’ और कारगिल युद्ध पर आधारित सीरीज ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ शामिल हैं.

‘चक दे! इंडिया’ को छोड़ने का आज भी मलाल
नेहा धूपिया के मुताबिक, ‘चक दे! इंडिया’ उन प्रोजेक्ट्स में से एक है, जिसे न करने का अफसोस उन्हें आज भी होता है. साल 2007 में रिलीज हुई यह फिल्म भारतीय सिनेमा की सबसे चर्चित स्पोर्ट्स फिल्मों में गिनी जाती है. इसमें शाहरुख खान ने भारतीय महिला हॉकी टीम के कोच कबीर खान की भूमिका निभाई थी. फिल्म को दर्शकों का भरपूर प्यार मिला और यह आज भी खेल पर आधारित बेहतरीन हिंदी फिल्मों में शामिल है. ऐसे में इस फिल्म का हिस्सा न बन पाना नेहा के लिए एक ऐसा मौका रहा, जिसे वह अब भी याद करती हैं.
‘ऑपरेशन सफेद सागर’ भी हाथ से निकली
नेहा ने जिस दूसरे प्रोजेक्ट का जिक्र किया, वह कारगिल युद्ध पर आधारित वेब सीरीज ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ है. इस सीरीज की कहानी साल 1999 में हुए कारगिल युद्ध के दौरान भारतीय वायुसेना की भूमिका पर केंद्रित है. इसमें सिद्धार्थ, जिमी शेरगिल, अभय वर्मा और दीया मिर्जा जैसे कलाकार नजर आए हैं. नेहा का कहना है कि वह हमेशा से एक अच्छी स्पोर्ट्स फिल्म और एक बेहतरीन मिलिट्री फिल्म में काम करना चाहती थीं, लेकिन ये दोनों मौके उनके हाथ से निकल गए.
‘पीछे मुड़कर देखने पर होता है एहसास’
अपने फैसलों पर बात करते हुए नेहा ने कहा कि कभी-कभी पीछे मुड़कर देखने पर एहसास होता है कि कौन-से अवसर हाथ से निकल गए. उनके मुताबिक, ‘चक दे! इंडिया’ और ‘ऑपरेशन सफेद सागर’ ऐसे ही दो प्रोजेक्ट्स हैं, जो उनके दिमाग में हमेशा बने रहे. अभिनेत्री के इस खुलासे से साफ है कि करिअर में आगे बढ़ने के बावजूद कुछ मौके ऐसे होते हैं, जिन्हें कलाकार लंबे समय तक याद करते हैं.


