रांची: रांची नगर निगम ने झारखंड भवन उपविधि, 2016 का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। नगर निगम क्षेत्र में बिना स्वीकृत नक्शे के निर्माण, स्वीकृत भवन प्लान में विचलन और आवासीय भवनों के अनधिकृत वाणिज्यिक (व्यावसायिक) उपयोग को रोकने के लिए निगम की टीम सख्त रुख अपना रही है।

इसी सिलसिले में बुधवार को निगम की टीम ने मोरहाबादी क्षेत्र में रजिस्ट्री ऑफिस से लेकर मान्या पैलेस तक सघन जांच अभियान चलाया। जांच के दौरान भवनों के स्वीकृत प्लान, उनकी वास्तविक उपयोगिता और अवैध संरचनाओं की पड़ताल की गई। नियमों के उल्लंघन और अनधिकृत बदलाव पाए जाने पर कुल 15 भवनों एवं व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को मौके पर ही नोटिस जारी किया गया।
रांची नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि निर्माण में स्वीकृत नक्शे का उल्लंघन करना या बिना अनुमति के आवासीय परिसर का व्यावसायिक इस्तेमाल करना कानूनन गलत है। निगम ने सर्वोच्च न्यायालय द्वारा हाल ही में दिए गए आदेशों का हवाला देते हुए कहा कि अनधिकृत निर्माण के खिलाफ कड़े कदम उठाना अनिवार्य है।
नोटिस प्राप्त करने वाले सभी भवन मालिकों और प्रतिष्ठान संचालकों को तीन दिनों के भीतर स्वीकृत भवन प्लान और संबंधित कानूनी दस्तावेज प्रस्तुत करने का निर्देश दिया गया है। समय सीमा के भीतर दस्तावेज पेश न करने पर झारखंड नगरपालिका अधिनियम, 2011 और भवन उपविधि के तहत भवनों को सील करने सहित अन्य दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। अभियान के दौरान सहायक नगर निवेशक और कनीय अभियंता सहित निगम के कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।


