Latest NewsUncategorizedउग्रवादियों को मुख्यधारा में वापस लाने का असम सरकार का प्रयास सराहनीय:...

उग्रवादियों को मुख्यधारा में वापस लाने का असम सरकार का प्रयास सराहनीय: श्रीश्री रविशंकर

Published on

spot_img
spot_img
spot_img

काजीरंगा: आर्ट आफ लिविंग (Art Of Living) के संस्थापक एवं आध्यात्मिक गुरु श्रीश्री रविशंकर (Shri Shri Ravishankar) ने उग्रवादियों को समाज की मुख्य धारा में वापस लाने के असम सरकार और CM डॉ. हिमंत बिस्व सरमा (Dr. Himanta Biswa Sarma) के प्रयासों की सराहना की है।

उन्होंने कहा कि लोगों के कल्याण के लिए ऐसी ही सरकार की जरूरत है।

गुरु श्रीश्री रविशंकर ने चिंतन शिविर के दूसरे दिन की शुरुआत

राज्य सरकार के तत्वावधान में काजीरंगा (Kaziranga) में आयोजित तीन दिवसीय चिंतन शिविर के दूसरे दिन रविवार को आध्यात्मिक गुरु ने कहा कि जिस तरह से मुख्यमंत्री डॉ. सरमा असम और उग्रवादियों को समाज की मुख्यधारा में वापस लाने के लिए ईमानदारी से काम कर रहे हैं, वह एक उदाहरण स्थापित कर रहा है।

सद्गुरु की मौजूदगी में काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान

रविवार को चिंतन शिविर की शुरुआत आध्यात्मिक गुरु श्रीश्री रविशंकर ने योगाभ्यास के साथ की।

मुख्यमंत्री डॉ. सरमा (Chief Minister Dr. Sarma) के बगल में बैठे श्रीश्री रविशंकर ने मंत्रालय और शीर्ष अधिकारियों को सुशासन और राजपाट का उपदेश दिया।

मुख्यमंत्री डॉ. सरमा ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल (Twitter handle) पर इस संबंध में Tweet किया है।

आध्यात्मिक गुरु श्रीश्री रविशंकर ने चिंतन शिविर के दूसरे दिन की शुरुआत में अभूतपूर्व प्रेरणादायक भाषण देकर सभी उपस्थित लोगों को प्रभावित किया।

 

तीन दिवसीय इस चिंतन शिविर के पहले दिन शनिवार को सद्गुरु जग्गी वासुदेव ने भाग लिया।

सद्गुरु की मौजूदगी में काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान (Kaziranga National Park) को पर्यटकों के लिए खोल दिया गया।

सद्गुरु ने गैंडे (Rhinoceros) को बचाने के लिए एक खास संदेश दिया।

असम सरकार द्वारा उठाए गए विभिन्न कदम

शिविर के दूसरे दिन रविवार को सुबह साढ़े छह बजे से योग शुरू हुआ।

राज्य सरकार के लगभग सभी मंत्रियों और वरिष्ठ अधिकारियों ने योगाभ्यास में भाग लिया।

योगाभ्यास के बाद उपदेश का अनुष्ठान शुरू हुआ।

इस अवसर पर उन्होंने असम सरकार द्वारा उठाए गए विभिन्न कदमों की सराहना की।

उन्होंने कहा कि लोगों के कल्याण के लिए ऐसी सरकार की जरूरत है।

आध्यात्मिक गुरु ने कहा कि इसके अलावा जिस तरह से Chief Minister Dr. Sarma असम और उग्रवादियों को समाज की मुख्यधारा में वापस लाने के लिए ईमानदारी से काम कर रहे हैं, वह एक उदाहरण स्थापित कर रहा है।

 

व्याख्यान के बाद आज के चिंतन शिविर में सुबह साढ़े 10 बजे Infrastructure Group, 12.30 बजे आंध्र प्रदेश के मुख्य सचिव समीर शर्मा के भाषण कार्यक्रम और ढाई बजे सोशल सेक्टर ग्रुप ( Social Sector Grup) की प्रस्तुति हुई।

लंच के बाद शाम 4.30 बजे कर्नाटक के टॉप आईएएस (IAS) अधिकारी मुनीष मोदगिल ने अपने प्रशासनिक अनुभव साझा किए।

शाम 5.30 बजे से उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव दुर्गा शंकर मिश्रा अपने प्रशासनिक अनुभव साझा करेंगे।

spot_img

Latest articles

UK में झारखंड की विरासत की गूंज, सांस्कृतिक सहयोग से वैश्विक पहचान की ओर कदम

Jharkhand's Heritage Resonates in the UK: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है...

प्रवेश पत्र न मिलने से परीक्षा से वंचित अभ्यर्थी, मामला पहुंचा हाईकोर्ट

candidates Deprived of Examination: झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा आयोजित माध्यमिक आचार्य संयुक्त...

गर्मी की आहट के साथ बढ़ा जल संकट, हजारों चापानल अब भी खराब

Water Crisis Increases with the Onset of Summer: ठंड का मौसम अब धीरे-धीरे खत्म...

सिसई में JSLPS कर्मियों पर राजनीतिक पक्षधरता का आरोप, विधायक ने किया तबादले की मांग

MLA demands Their Transfer: सिसई के विधायक अमित महतो ने झारखंड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन...

खबरें और भी हैं...

UK में झारखंड की विरासत की गूंज, सांस्कृतिक सहयोग से वैश्विक पहचान की ओर कदम

Jharkhand's Heritage Resonates in the UK: झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है...

प्रवेश पत्र न मिलने से परीक्षा से वंचित अभ्यर्थी, मामला पहुंचा हाईकोर्ट

candidates Deprived of Examination: झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) द्वारा आयोजित माध्यमिक आचार्य संयुक्त...

गर्मी की आहट के साथ बढ़ा जल संकट, हजारों चापानल अब भी खराब

Water Crisis Increases with the Onset of Summer: ठंड का मौसम अब धीरे-धीरे खत्म...