भारत और लाइबेरिया ने नाविकों की सुरक्षा को लेकर ‘मित्र समूह’ की घोषणा की

भारत और लाइबेरिया ने संयुक्त राष्ट्र में जहाजरानी और नाविकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ‘मित्र समूह’ बनाने की घोषणा की है।

Razi Ahmad
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India Liberia Relations: संयुक्त राष्ट्र: 25 सितंबर (भाषा) भारत और लाइबेरिया ने जहाजरानी और नाविकों की सुरक्षा को लेकर ‘‘मित्र समूह’’ स्थापित करने की शुक्रवार को घोषणा की।

इसे एक महत्वपूर्ण समुद्री पहल माना जा रहा है, जिसकी शुरुआत वाणिज्यिक जहाजों पर हमलों के बीच की गई है।

यह पहल 81वीं संयुक्त राष्ट्र महासभा के इतर आयोजित ‘जहाजरानी और नाविकों की सुरक्षा के लिए मित्र समूह’ की मंत्रिस्तरीय बैठक में शुरू की गई।

विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने बैठक में कहा कि भारत और लाइबेरिया जहाजरानी और नाविकों की सुरक्षा को रेखांकित करने के लिए एक साथ आए हैं।

जयशंकर ने नाविकों और जहाजों पर हमलों की हाल की घटनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि “दुर्भाग्य से” अब ये दुर्लभ घटनाएं नहीं रह गई हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘पिछले कुछ महीनों में खाड़ी, लाल सागर और इसके आसपास के क्षेत्रों में वाणिज्यिक जहाजरानी पर बार-बार हमले हुए हैं … समुद्री व्यापार को बाधित करने वाली और निर्दोष लोगों की जान लेने वाली ये कार्रवाइयां किसी भी तरह उचित नहीं ठहराई जा सकतीं।’’

दुनियाभर में जारी संघर्षों के बीच, व्यापारिक जहाजरानी और नाविक विभिन्न क्षेत्रों में बढ़ते जोखिमों का सामना कर रहे हैं, जिनमें होर्मुज जलडमरूमध्य, ओमान की खाड़ी, लाल सागर, अदन की खाड़ी, बाब-अल-मंदेब, काला सागर और सोमालिया शामिल हैं।

इन क्षेत्रों में संचालित होने वाले या इनसे होकर गुजरने वाले विभिन्न जहाजों पर बड़ी संख्या में भारतीय नाविक काम करते हैं और वे समुद्री सुरक्षा जोखिमों का सामना करते हैं।

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रजी अहमद एक उभरते हुए कंटेंट राइटर हैं, जिन्हें पत्रकारिता के क्षेत्र में लगभग दो वर्षों का अनुभव है। उन्होंने न्यूज़ अरोमा में काम करते हुए विभिन्न विषयों पर लेखन किया और अपनी लेखन शैली को मजबूत बनाया। अपने कार्यकाल के दौरान उन्होंने कंटेंट राइटिंग, न्यूज़ लेखन और मीडिया से जुड़े विभिन्न पहलुओं में अच्छा अनुभव हासिल किया। वह लगातार सीखते हुए अपने करियर को आगे बढ़ा रहे हैं।