
रामगढ़: रामगढ़ जिले से बड़ी खबर सामने आ रही है। जहां अरगड्डा क्षेत्र की बंद पड़ी सीसीएल खदान में अवैध खनन के दौरान फंसे चार मजदूरों की मौत हो गई। मृतकों में पहचान छोटकी टोंगी सिरका अरगड्डा के रहने वाले देवा कुमार बेदिया, डब्ल्यू बेदिया, सिरका बुध बाजार के रहने वाले आशीष रजवार और किशोर रवानी के तौर पर हुई है।
कैसे हुई घटना
जानकारी के मुताबिक कुछ मजदूर बंद पड़ी खदान में अवैध रूप से कोयला निकालने के लिए अंदर गए थे। इसी दौरान खदान के भीतर अचानक गैस का रिसाव शुरू हो गया। देखते ही देखते स्थिति गंभीर हो गई। जहरीली गैस फैलने के कारण मजदूरों का बाहर निकलना मुश्किल हो गया और चार मजदूर अंदर फंस गए। घटना की जानकारी मिलते ही आस-पास के गांव वालों की भीड़ मौके पर जमा हो गई। पुलिस और CCL की टीमों को सूचना दी गई। रेस्क्यू के बाद चारों लोगों को अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने दो को मृत घोषित कर दिया। वहीं दो अन्य मजदूरों की इलाज के दौरान मौत हो गई।
वहीं घटना के लेकर रामगढ़ सदर अस्पताल के उपाधीक्षक हरेंद्र कुमार महतो ने बताया कि पुलिस और स्थानीय लोगों की मदद से चार घायलों को अस्पताल लाया गया था, जिनमें दो की मौके पर मौत हो गई, जबकि दो की इलाज के दौरान मौत हो गई। डॉक्टरों के अनुसार सभी चार लोगों की मौत जहरीली गैस और ऑक्सीजन की कमी के कारण हुई है। मृतकों के पोस्टमार्टम के लिए विशेष मेडिकल टीम गठित की गई है। पोस्टमार्टम प्रक्रिया की निगरानी मजिस्ट्रेट उदय श्रीवास्तव, अभिजीत कुमार और आलोक कुमार के साथ-साथ रामगढ़ के अंचलाधिकारी रमेश रविदास की मौजूदगी में की जा रही है।
माइन्स सुपरिटेंडेंट विकास कुमार ने बताया कि गैस लीक की सूचना मिलने के बाद वे 12 सदस्यीय टीम के साथ मौके पर पहुंचे थे, जहां खदान के भीतर जहरीली गैस और ऑक्सीजन की भारी कमी पाई गई। इधर, रामगढ़ एसडीओ कृष्ण मुरारी तिर्की और कार्यपालक दंडाधिकारी अंबिका कुमारी भी मौके पर मौजूद हैं और उनकी देखरेख में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की जा रही है, जिसकी वीडियोग्राफी भी कराई जा रही है। अधिकारियों ने बताया कि यह मामला अवैध खनन से जुड़ा है, जिसकी विस्तृत जांच की जा रही है। प्रशासन ने कहा है कि पूरे मामले की गंभीरता से जांच के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

