रामगढ़ के ‘द राइटर्स बंगला’ में रवींद्रनाथ टैगोर ने लिखी थीं गीतांजलि की कविताएं

रामगढ़ के ऐतिहासिक ‘द राइटर्स बंगला’ में नोबेल विजेता रवींद्रनाथ टैगोर ने ठहरकर अपनी प्रसिद्ध कृति ‘गीतांजलि’ की रचना की थी, जो आज अपनी खूबसूरत विंटेज वास्तुकला और इंटीरियर के लिए खास पहचान रखता है।

News Aroma
2 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

नई दिल्ली : रामगढ़ की पहाड़ियों में स्थित ‘द राइटर्स बंगला’ अपने इतिहास के साथ-साथ खूबसूरत इंटीरियर के लिए भी खास है। 19वीं सदी के इस बंगले में नोबेल पुरस्कार विजेता रवींद्रनाथ टैगोर ने ठहरकर ‘गीतांजलि’ की कविताएं लिखी थीं। नीमराना होटल्स द्वारा संभाले जा रहे इस बंगले में पुरानी पहचान को बरकरार रखते हुए सजावट की गई है।
बंगले की सफेद ईंटों वाली दीवारें, खुली लकड़ी की छत और स्लेट का फर्श घर को नेचुरल और क्लासिक लुक देने की प्रेरणा देते हैं। बड़ी खिड़कियां, विंटेज टेबल-लैंप और सिंपल फर्नीचर के साथ सही रंगों का इस्तेमाल इंटीरियर को आकर्षक बना सकता है। बाहर प्राकृतिक पत्थरों वाली दीवारें, लाल ढलानदार छत और लकड़ी की डिजाइनदार किनारी भी खूबसूरत लगती है।
विंटेज लुक के लिए घर के बाहर हरी बेलें, लकड़ी के खंभों वाला बरामदा और लंबे कांच के दरवाजे लगाए जा सकते हैं। वार्म मस्टर्ड या पीली दीवारों के साथ लाल छत का कॉम्बिनेशन भी अच्छा लगेगा। मुख्य दरवाजे के पास सफेद कुर्सियों वाला छोटा सिटिंग एरिया बनाया जा सकता है।
बेडरूम में सफेद दीवारों के साथ नीला नक्काशीदार हेडबोर्ड, छोटे नीले कालीन और लकड़ी के फ्रेम वाली क्लासिक पेंटिंग्स इस्तेमाल कर सकते हैं। ओलिव ग्रीन पर्दे, फूलों वाले बेड कवर, विंटेज सोफा और वार्म लाइटिंग कमरे को पहाड़ी कॉटेज जैसा एहसास दे सकते हैं।

Share This Article