चाईबासा: झारखंड के चाईबासा जिले में स्थित सारंडा जंगल एक बार फिर नक्सल गतिविधियों को लेकर चर्चा में है। मिली जानकारी के अनुसार, सीआरपीएफ और झारखंड पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों को सारंडा के जंगली इलाके में नक्सलियों की मौजूदगी की गुप्त सूचना मिली थी। इसी इनपुट के आधार पर कोबरा, झारखंड जगुआर और जिला पुलिस की संयुक्त टीम ने इलाके में सर्च ऑपरेशन शुरू किया।
गुप्त सूचना के आधार पर शुरू हुआ अभियान
सुरक्षाबल जैसे ही बताए गए स्थान के करीब पहुंचे, नक्सलियों ने खुद को घिरता देख अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। इसके बाद सुरक्षाबलों ने भी मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की। बताया जा रहा है कि दोनों ओर से हुई गोलीबारी काफी देर तक चली, जिससे पूरे जंगल क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

मुठभेड़ में 10 नक्सलियों के मारे जाने की खबर
इस भीषण मुठभेड़ में करीब 10 नक्सलियों के मारे जाने की सूचना है। हालांकि सुरक्षाबलों की ओर से अभी तक सभी की आधिकारिक पहचान की पुष्टि की जा रही है। भारी दबाव पड़ने के बाद कुछ नक्सली जंगल का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे।
सघन तलाशी अभियान जारी
मुठभेड़ के बाद सुरक्षाबलों ने पूरे इलाके में सघन सर्च ऑपरेशन चला रखा है। जंगल के अंदर संभावित ठिकानों की जांच की जा रही है ताकि फरार नक्सलियों को पकड़ा जा सके और किसी तरह का खतरा न रहे।
सारंडा और कोल्हान में नक्सली सक्रिय
बताया जाता है कि सारंडा और कोल्हान क्षेत्र में कई बड़े नक्सली सक्रिय हैं। इनमें माओवादी संगठन के शीर्ष नेता और उनके दस्ते शामिल बताए जाते हैं, जो अपने सहयोगियों के साथ इस इलाके में घूमते रहते हैं। इसी कारण सुरक्षाबल लगातार अभियान चलाकर क्षेत्र को नक्सल मुक्त बनाने की कोशिश कर रहे हैं।
क्षेत्र में बढ़ाई गई सुरक्षा
घटना के बाद इलाके में सुरक्षा और कड़ी कर दी गई है। पुलिस और सुरक्षाबलों का कहना है कि नक्सलियों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा, ताकि क्षेत्र में शांति और सुरक्षा कायम की जा सके।





