श्रीनगर : जम्मू कश्मीर विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने मंगलवार को कहा कि मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के नेतृत्व वाले नए मंत्रिमंडल में ‘‘क्षेत्रीय और सांस्कृतिक असंतुलन’’ है। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के नेता ने कहा कि यह पहली बार है जब कोई क्षेत्रीय और सांस्कृतिक असंतुलन देखने को मिला है। उन्होंने कहा, ‘‘सरकारों को हर समुदाय को साथ लेकर चलना होता है। उन्हें हर क्षेत्र और हर इलाके को साथ लेकर चलना चाहिए।’’

यहां लोक भवन में चार नए मंत्रियों के शपथ ग्रहण समारोह के बाद शर्मा ने पत्रकारों से कहा, ‘‘आपको धार्मिक, क्षेत्रीय और सांस्कृतिक संतुलन बनाए रखना होता है। आज, ऐसा कुछ नजर नहीं आया।’’ नेशनल कॉन्फ्रेंस (नेकां) के वरिष्ठ नेताओं -अली मोहम्मद सागर, मीर सैफुल्ला, शमीम फिरदौस और अल्ताफ अहमद कालू को उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने पद की शपथ दिलाई। नेकां ने छंब से निर्दलीय विधायक सतीश शर्मा को मंत्रिमंडल से बाहर रखा है। जम्मू क्षेत्र से केवल उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी और जावेद राणा ही मंत्री बने हैं, जबकि आठ मंत्री कश्मीर घाटी से हैं।
जम्मू कश्मीर प्रदेश कांग्रेस कमेटी (जेकेपीसीसी) अध्यक्ष तारिक हमीद कर्रा ने बताया कि नेकां ने मंत्रिमंडल में शामिल होने के लिए उनकी पार्टी से संपर्क किया था, लेकिन कांग्रेस ने इससे दूर रहने का फैसला किया। कर्रा ने कहा, ‘‘इस संबंध में हमारे (नेकां-जेकेपीसीसी) बीच बातचीत होती रहती है। जब भी मंत्रिमंडल के विस्तार की बात आई, तो हमसे संपर्क किया गया। हमने एक बार फिर अपना रुख, अपना घोषित और सैद्धांतिक विचार दोहराया तथा उन्हें बताया कि कांग्रेस ने पहले ही तय कर लिया है कि हम इसका हिस्सा नहीं बनेंगे।’’


