
Strict Message From Police Headquarters : 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर पुलिस मुख्यालय में आयोजित कार्यक्रम में DGP ने झंडोत्तोलन (Flag Hoisting) कर प्रदेश की जनता और पुलिस बल को शुभकामनाएं दीं।
अपने संबोधन में उन्होंने वर्ष 2025 के दौरान झारखंड पुलिस द्वारा नक्सलवाद, संगठित अपराध और साइबर अपराध के खिलाफ की गई कार्रवाई का विस्तृत विवरण साझा किया।
उन्होंने कहा कि पुलिस लगातार जनता की सुरक्षा और संविधान के मूल्यों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है।
जन शिकायत समाधान से बढ़ा भरोसा
DGP ने बताया कि राज्य के सभी जिलों और मुख्यालय स्तर पर जन शिकायत समाधान कार्यक्रम आयोजित किए गए।
इससे आम लोगों और Police के बीच की दूरी कम हुई और शिकायतों का समय पर समाधान सुनिश्चित किया गया। उन्होंने कहा कि पुलिस का उद्देश्य जनता की समस्याओं को गंभीरता से सुनना और त्वरित कार्रवाई करना है।
नक्सलवाद पर कड़ी चोट
अपने संबोधन में DGP ने कहा कि वर्ष 2025 नक्सलियों के लिए कठिन साबित हुआ। पुलिस की रणनीतिक कार्रवाई में कुल 326 नक्सलियों को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया। मुठभेड़ों में 32 खूंखार नक्सली मारे गए।
वहीं आत्मसमर्पण नीति से प्रभावित होकर 38 नक्सलियों ने समाज की मुख्यधारा में लौटने का निर्णय लिया।
साइबर अपराधियों पर शिकंजा
DGP ने साइबर अपराध (Cyber Crimes) को एक बड़ी चुनौती बताते हुए कहा कि इस दिशा में पुलिस ने प्रभावी कदम उठाए। एक साल में 1,413 मामले दर्ज किए गए और 1,268 अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाया गया।
पुलिस ने 38.67 करोड़ रुपये फ्रीज कराए और 1.48 करोड़ रुपये से अधिक की राशि पीड़ितों को वापस दिलाई।
प्रतिबिंब ऐप की मदद से 140 केस दर्ज कर 642 साइबर अपराधियों को पकड़ा गया, जिनके पास से 1,008 मोबाइल और 1,332 सिम कार्ड बरामद किए गए।
संगठित अपराध और नशे के खिलाफ अभियान
ATS ने संगठित गिरोहों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करते हुए 30 बड़े अपराधियों को गिरफ्तार किया, जिनमें प्रतिबंधित संगठन के सक्रिय सदस्य भी शामिल हैं।
वहीं मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान में 706 मामले दर्ज कर 883 आरोपियों को पकड़ा गया। इस दौरान करीब 58.77 करोड़ रुपये मूल्य के अवैध मादक पदार्थ और नकदी जब्त की गई।
संविधान और सुरक्षा का संकल्प
अंत में DGP ने स्वतंत्रता सेनानियों (Freedom Fighters) और संविधान निर्माताओं को नमन करते हुए सभी पुलिसकर्मियों से आह्वान किया कि वे झारखंड को अपराध और नक्सलवाद से पूरी तरह मुक्त बनाने में अपना योगदान दें।

