
डेस्क: देवघर के प्रसिद्ध श्रावणी मेले को लेकर रेलवे प्रशासन ने सुरक्षा और यात्री सुविधाओं की तैयारियां तेज कर दी हैं। लाखों श्रद्धालुओं की आवाजाही को देखते हुए रेलवे हर स्तर पर व्यवस्था को मजबूत करने में जुटा है। इसी सिलसिले में शुक्रवार को रेलवे सुरक्षा बल के आईजी एएन सिंह जसीडीह रेलवे स्टेशन पहुंचे। उन्होंने स्टेशन परिसर का निरीक्षण कर यात्री सुविधाओं और सुरक्षा इंतजामों का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान आईजी ने अधिकारियों के साथ तैयारियों की समीक्षा की और निर्देश दिया कि मेला अवधि में श्रद्धालुओं की सुरक्षा, सुविधा और सुगम आवागमन को सबसे ज्यादा प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने स्टेशन के प्रवेश और निकास द्वारों पर सुरक्षा जांच, सीसीटीवी निगरानी, कंट्रोल रूम की व्यवस्था, भीड़ प्रबंधन और यात्रियों को सहायता उपलब्ध कराने की तैयारियों की भी जानकारी ली।
AI तकनीक से होगी संदिग्ध लोगों की पहचान
निरीक्षण के बाद आरपीएफ आईजी एएन सिंह ने बताया कि इस बार श्रावणी मेले के दौरान लगाए जा रहे कुछ सीसीटीवी कैमरे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस तकनीक से लैस होंगे। इन कैमरों के सॉफ्टवेयर में पहले से ही अपराधी प्रवृत्ति के लोगों की तस्वीरें अपलोड की जाएंगी। जैसे ही ऐसा कोई व्यक्ति स्टेशन परिसर में प्रवेश करेगा, कंट्रोल रूम को तुरंत अलर्ट मिल जाएगा। इस तकनीक की मदद से संदिग्ध लोगों की पहचान कर समय रहते कार्रवाई की जा सकेगी। इससे श्रद्धालुओं की सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत करने में मदद मिलेगी।
होल्डिंग एरिया और स्कॉटिंग व्यवस्था पर खास ध्यान
आईजी ने बताया कि जसीडीह रेलवे स्टेशन पर होल्डिंग एरिया तैयार किया जा रहा है। इसे भविष्य में स्थायी होल्डिंग एरिया के रूप में विकसित करने की योजना है। उन्होंने कहा कि नियमित ट्रेनों के अलावा श्रावणी मेला स्पेशल ट्रेनों में भी यात्रियों की सुरक्षा के लिए आरपीएफ की स्कॉटिंग व्यवस्था रहेगी। आईजी ने संबंधित विभागों के अधिकारियों को आपसी तालमेल के साथ सभी तैयारियां समय पर पूरी करने का निर्देश दिया। इस निरीक्षण के दौरान आरपीएफ कमांडेंट पवन कुमार, आरपीएफ इंस्पेक्टर देवनारायण, सीटीआई ऋषिदेव कुमार, सीआईटी अनूप कुमार निराला, एसीएम विजय कुमार, डीएसआरपी जयगोविंद प्रसाद गुप्ता और जीआरपी थाना प्रभारी सह इंस्पेक्टर शंकर प्रसाद सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

