

राउरकेला: ओडिशा-झारखंड सीमा से लगे सुंदरगढ़ जिले में सुरक्षा बलों को माओवादियों के खिलाफ अभियान में बड़ी सफलता मिली है। के. बालंग थाना क्षेत्र के सिलकुटा रिजर्व फॉरेस्ट में तलाशी अभियान के दौरान सुरक्षा बलों ने माओवादियों का छिपाकर रखा गया हथियार और अन्य सामान बरामद किया है।





पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई आत्मसमर्पण कर चुके नक्सलियों से पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर की गई। जिला वॉलंटरी फोर्स (DVF) और बॉम्ब डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वाड (BDDS) की संयुक्त टीम ने जंगल में सर्च और एरिया डॉमिनेशन ऑपरेशन चलाया था।
जंगल में मिला चार साल पुराना डंप
तलाशी के दौरान सुरक्षा टीम को करीब चार साल से छिपाकर रखा गया माओवादी डंप मिला। इसमें हथियार, गोला-बारूद, विस्फोटक, संचार उपकरण और माओवादी कैंप से जुड़ी अन्य सामग्री बरामद की गई।
पुलिस के मुताबिक बरामद सामान में AK-47, CM 9mm 1A1 कार्बाइन, IED कंटेनर, 15 डेटोनेटर, दो मैगजीन, मोटरोला वॉकी-टॉकी, 9mm बॉल एम्युनिशन के 20 राउंड, डिजिटल मल्टीमीटर और बैटरी चार्जर शामिल हैं। इसके अलावा वॉकी-टॉकी फ्रीक्वेंसी डिवाइस और दो पाउच भी बरामद किए गए हैं।
राउरकेला और झारखंड पुलिस के संयुक्त प्रयास से सफलता
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, यह कार्रवाई राउरकेला और झारखंड पुलिस के संयुक्त अभियान के तहत की गई। राउरकेला के एसपी नितेश वाधवानी ने सोशल मीडिया के माध्यम से अभियान की जानकारी साझा की।
उन्होंने बताया कि आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों से विस्तृत पूछताछ में माओवादी डंप की जानकारी मिली थी। इसके बाद DVF और BDDS की संयुक्त टीम ने के. बालंग थाना क्षेत्र के सिलकुटा रिजर्व फॉरेस्ट में अभियान चलाया।
सुरक्षा बलों की इस कार्रवाई को माओवादी नेटवर्क के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में महत्वपूर्ण सफलता माना जा रहा है। जंगल में छिपाकर रखे गए हथियार और ऑपरेशनल सामान की बरामदगी से सुरक्षा एजेंसियों को माओवादी गतिविधियों के खिलाफ अभियान में अहम जानकारी मिलने की उम्मीद है।
