धनबाद : महज 60 हजार रुपये के कर्ज के बदले 18 लाख रुपये की वसूली का दबाव बनाने और बैंक खातों पर कब्जा कर बीसीसीएल (BCCL) कर्मचारियों की मेहनत की कमाई निकालने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। इस मामले में पुलिस ने छापेमारी कर कई बैंक पासबुक, हस्ताक्षरयुक्त ब्लैंक चेकबुक, एटीएम कार्ड और अन्य महत्वपूर्ण दस्तावेज बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, मामले का मुख्य आरोपी टीकाराम महतो फिलहाल फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।

मामला कतरास थाना कांड संख्या 286/26 से जुड़ा है। उदय कुमार दास की ओर से 3 नवंबर 2026 को दिए गए आवेदन के आधार पर पुलिस ने प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू की।

आवेदन के अनुसार, शिकायतकर्ता उदय कुमार दास ने करीब दो वर्ष पूर्व टीकाराम महतो से अपनी जरूरत के लिए 60 हजार रुपये कर्ज लिया था। आरोप है कि उदय कुमार दास ने धीरे-धीरे कर्ज की मूल रकम वापस कर दी, लेकिन इसके बावजूद टीकाराम महतो चक्रवृद्धि ब्याज जोड़कर 18 लाख रुपये की मांग करने लगा।
आरोप है कि रकम वसूलने के लिए उदय कुमार दास पर लगातार दबाव बनाया गया। यहां तक कि उन्हें बंधक (सिक्योरिटी) के रूप में बैंक ऑफ इंडिया की हरिणा शाखा का हस्ताक्षरयुक्त चेकबुक, एटीएम कार्ड, पासबुक और पीएफ बुक अपने पास रखने के लिए मजबूर किया गया।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि जैसे ही उदय कुमार दास के बैंक खाते में वेतन आता था, टीकाराम महतो पहले से हस्ताक्षर किए गए चेक के माध्यम से पूरी रकम निकाल लेता था। इसके बाद उदय कुमार दास को जीवनयापन के लिए महज दो से चार हजार रुपये दिए जाते थे।
इतना ही नहीं, शिकायतकर्ता का आरोप है कि उन्हें डराकर एक एग्रीमेंट पेपर पर भी हस्ताक्षर करा लिया गया, जिसमें 18 लाख रुपये बकाया होने की बात दर्ज थी। जब उदय कुमार दास अपने वेतन और पैसे का हिसाब मांगते थे, तो उनके साथ सार्वजनिक रूप से जातिसूचक गाली-गलौज किए जाने का भी आरोप लगाया गया है।
पुलिस की छापेमारी के दौरान टीकाराम महतो के घर से उदय कुमार दास के अलावा अन्य लोगों के बैंकिंग दस्तावेज भी बरामद किए गए। जब्त सामान में उदय कुमार दास की बैंक पासबुक, उनकी पत्नी बसंती देवी की पासबुक, बंगाली भुइयां, मोहन बाजरी, बासुदेव राय और मनोज कुमार भुइयां के हस्ताक्षरयुक्त ब्लैंक चेकबुक शामिल हैं।
इसके अलावा संजय भुइयां का एसबीआई हस्ताक्षरयुक्त चेकबुक, बैंक ऑफ इंडिया के सात हस्ताक्षरयुक्त चेकबुक, कोल माइंस का खाता पासबुक, बीसीसीएल का आईडी कार्ड तथा उमेश भुइयां के हस्ताक्षरयुक्त बैंक दस्तावेज भी जब्त किए गए हैं।
पुलिस के अनुसार, मामले में आरोपी टीकाराम महतो वर्तमान में फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है। बरामद दस्तावेजों के आधार पर यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि इस कथित वसूली के खेल में और कितने लोग प्रभावित हुए हैं।


