
मुंबई : सफलता की ऊंचाइयों पर पहुंचने के बाद भी अपनी संस्कृति, संस्कार और आस्था से जुड़े रहना ही किसी कलाकार की सबसे बड़ी पहचान होती है। भोजपुरी सिनेमा की शान अक्षरा सिंह बुधवार को अपने पिता के साथ मां मुंबा देवी के दरबार में आशीर्वाद लेने पहुंचीं। यह तस्वीर सिर्फ एक दर्शन की नहीं, बल्कि उस विश्वास और संस्कार की है जिसने अक्षरा सिंह को इस मुकाम तक पहुंचाया है। आज जब अक्षरा सिंह लगातार बड़े-बड़े प्रोजेक्ट्स का हिस्सा बन रही हैं और राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना रही हैं, तब भी उनका ईश्वर के प्रति समर्पण और अपने परिवार के साथ जुड़ाव उन्हें और खास बनाता है। मां मुंबा देवी का आशीर्वाद और पिता का स्नेह उनके जीवन में नई सफलताओं के द्वार खोले। हम सभी की शुभकामनाएँ उनके साथ हैं। आने वाले दिनों में वह और भी ऊंचाइयां छुएं और भोजपुरी समाज का नाम पूरे देश में रोशन करें।

