
रामगढ़: Ramgarh शहर के संत मैरी चर्च (Saint Mary’s Church) में रविवार को खजूर पर्व की धर्म विधि भक्ति और आस्था के साथ संपन्न हुआ।
आज के दिन प्रभु येसू खीस्त के विजयमान येरूसालेम (Jerusalem) प्रवेश की स्मृति मनाई जाती है।
प्रभु येसू (Lord Jesus) का उद्देश्य यही था कि वे मानव मुक्ति के लिए दुःख उठाएं, मर जाएं और जी उठें।
येरूसालेम प्रवेश की समारोही यादगार
फादर करमा कच्छप धर्मविधि (Sacrament) की शुरूआत करते हुए कहा कि आज के दिन खजूर डाली के जुलूस द्वारा Lord Jesus के येरूसालेम प्रवेश की समारोही यादगार मनाते हैं।
सर्वोच्च में होसन्ना” यह गीत गाते हुए गिरजाघर में प्रवेश करते है। वहीं से धर्म विधि शुरू हो जाती हैं। मसीह ने हम सभी लोगों के लिए दुःख भोगा। हम उनका अनुकरण (Simulation) करें।
इसी में हमारी मुक्ति निहित है।
समारोह को सफल बनाने में रामगढ़ पल्लि (Ramgarh Palli) के सभी खीस्त ने सहयोग किया।
साथ ही साथ प्रचारक किशोर हेमरोम, प्रेम लकड़ा, सुधीर डुंगडुंग, सिमोन एक्का, हनूक एक्का, विजय हंसदा, सुनिल कुमार, निर्मल तिग्गा, मनोज पोल, आशा कच्छप, रीता मिंज, अन्जेला टोपनो, मेरी ग्रेस एक्का आदि लोगों का योगदान रहा।

