
धनबाद : धनबाद में जिला परिषद की जमीन कांग्रेस कार्यालय के लिए देने के प्रस्ताव को लेकर राजनीति तेज हो गई है। गिरिडीह सांसद प्रतिनिधि सुभाष रवानी के बयान के बाद जिला परिषद के कई सदस्यों ने इसका विरोध जताया। बुधवार को जिला परिषद सभागार में प्रेसवार्ता कर सदस्यों ने कहा कि बोर्ड के सामूहिक फैसले पर सवाल उठाना सही नहीं है। उनका मानना है कि इससे गलत परंपरा को बढ़ावा मिलेगा।
जिप सदस्य विकास महतो और इसराफिल ने कहा कि जिला परिषद उपाध्यक्ष के सरकारी आवास में बैठकर राजनीतिक बयान देना नियम और मर्यादा के खिलाफ है। उन्होंने कहा कि अगर किसी सदस्य या पदाधिकारी को बोर्ड के किसी फैसले पर आपत्ति थी, तो उसे बोर्ड की बैठक में ही उठाना चाहिए था। मीडिया के जरिए राजनीतिक बयान देना उचित तरीका नहीं माना जा सकता। इस पूरे मामले के बाद जिले की राजनीति और गर्म हो गई है। सदस्यों ने कहा कि किसी भी फैसले पर असहमति हो तो उसे आधिकारिक बैठक में रखना ज्यादा सही तरीका होता है।

