नई दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के आईटी प्रकोष्ठ के एक सदस्य द्वारा 2018 में दायर मानहानि मामले में शनिवार को यूट्यूबर ध्रुव राठी के खिलाफ जमानती वारंट जारी किया। न्यायिक मजिस्ट्रेट राहुल जैन ने विकास पांडे की ओर से दायर मामले में यह वारंट जारी किया जिन्होंने राठी के यूट्यूब चैनल पर अपलोड किए गए एक वीडियो को लेकर उन पर मानहानि का आरोप लगाया है। अदालत के विस्तृत आदेश की प्रतीक्षा है। अदालत ने मामले में आगे की सुनवाई के लिए 31 अक्टूबर की तारीख तय की है।

यह घटनाक्रम अदालत द्वारा 12 अक्टूबर को राठी को नया समन जारी किए जाने के कुछ दिन बाद सामने आया है। उस समय अदालत ने कहा था कि शिकायतकर्ता पिछले कई वर्षों से राठी को समन तामील कराने का प्रयास कर रहा है। अदालत ने अपने आदेश में निर्देश दिया कि राठी के हरियाणा के गुरुग्राम स्थित आवास पर नया समन भेजा जाए। पांडे की ओर से पेश अधिवक्ता समक्ष शर्मा ने दलील दी कि राठी आम तौर पर ऑस्ट्रिया में रहते हैं और दिल्ली में ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ के प्रदर्शनों में शामिल होने के लिए भारत आए थे। अदालत ने उल्लेख किया कि राठी के खिलाफ पहली बार जुलाई 2019 में समन जारी किया गया था।


