

बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता गोविंदा ने अपने करियर के उस दौर को याद किया, जब वह एक साथ कई फिल्मों की शूटिंग में व्यस्त रहते थे. एक पॉडकास्ट में उन्होंने अपनी समय की पाबंदी को लेकर होने वाली आलोचनाओं पर खुलकर जवाब दिया. अभिनेता ने कहा कि एक दिन में चार-पांच शिफ्ट करने के बाद हर सेट पर बिल्कुल समय से पहुंचना बेहद मुश्किल था.





‘पांच शिफ्ट करके टाइम पर आना संभव नहीं’
गोविंदा ने कहा, “किसके अंदर इतनी ताकत है कि पांच शिफ्ट करे और टाइम पे आए? Nobody can do. ये किसी के बस में नहीं है.” उनका कहना था कि जब एक ही दिन में कई अलग-अलग फिल्मों की शूटिंग करनी हो, तो एक सेट से दूसरे सेट तक पहुंचने में देरी होना स्वाभाविक है. उन्होंने सवाल किया कि आखिर कोई व्यक्ति चार या पांच शूटिंग को एक ही दिन में कैसे पूरी तरह समय के मुताबिक संभाल सकता है.
निर्माता खुद करना चाहते थे गोविंदा के साथ काम
जब उनसे पूछा गया कि इतने व्यस्त कार्यक्रम के बावजूद उन्होंने एक साथ इतनी फिल्में क्यों साइन कीं, तो अभिनेता ने कहा कि यह फैसला केवल उनकी तरफ से नहीं था. गोविंदा के मुताबिक, उस दौर में निर्माता और निर्देशक खुद उनके साथ काम करने के लिए उत्सुक रहते थे. वह बताते हैं कि कई फिल्मकार उनके पास आते और कहते थे कि वे किसी भी तरह शेड्यूल मैनेज कर लेंगे.
‘लोग आते थे और जिद करते थे’
गोविंदा ने बताया कि फिल्मकारों को उनके व्यस्त शेड्यूल की पूरी जानकारी होती थी, फिर भी वे उनके साथ फिल्म करना चाहते थे. अभिनेता के मुताबिक, निर्माता और निर्देशक उनकी उपलब्धता के हिसाब से शूटिंग की योजना बनाने के लिए तैयार रहते थे. ऐसे में एक साथ कई फिल्मों का हिस्सा बनना उस दौर में उनके करियर की जरूरत भी बन गया था.
सह-कलाकारों के इंतजार पर भी दिया जवाब
बातचीत के दौरान गोविंदा से यह भी पूछा गया कि उनके देर से पहुंचने की वजह से कई बार सह-कलाकारों को सेट पर इंतजार करना पड़ता था. इस पर अभिनेता ने इसे उनके लिए नुकसान की स्थिति मानने से इनकार किया. उन्होंने कहा कि कलाकारों को उनके काम के दिनों के हिसाब से भुगतान किया जाता था और वे भी उसी पेशेवर व्यवस्था का हिस्सा थे.
कादर खान और शक्ति कपूर के साथ रिकॉर्डतोड़ काम
अपने व्यस्त दौर को याद करते हुए गोविंदा ने कादर खान और शक्ति कपूर के साथ किए काम का उदाहरण दिया. उन्होंने बताया कि उन्होंने कादर खान के साथ 43 फिल्में और शक्ति कपूर के साथ 42 फिल्में कीं. दोनों कलाकारों के साथ उनकी जोड़ी खास तौर पर कॉमेडी फिल्मों में बेहद लोकप्रिय रही और यह उनके करियर के सबसे सफल दौर की पहचान बनी.
मेहनत के दौर ने बदली कई लोगों की जिंदगी
गोविंदा ने अपने दौर की इंडस्ट्री को याद करते हुए कहा कि उस समय कलाकार और फिल्म से जुड़े लोग लगातार काम करते थे. उन्होंने यह भी बताया कि इस लगातार काम का फायदा बाद में कई लोगों को मिला. जिन लोगों ने शुरुआत में साधारण जिंदगी देखी थी, वे अपने करियर के आगे बढ़ने के साथ घर खरीदने में सक्षम हुए.
निजी जिंदगी को लेकर भी चर्चा में हैं गोविंदा
गोविंदा की ये बातें ऐसे समय सामने आई हैं, जब अभिनेता अपने फिल्मी करियर के अलावा निजी जिंदगी को लेकर भी सुर्खियों में हैं. पत्नी सुनीता आहूजा के साथ उनके रिश्ते और दोनों की ओर से समय-समय पर दिए गए बयानों ने भी लोगों का ध्यान खींचा है. हालांकि, इस बार अभिनेता की चर्चा मुख्य रूप से उनके पुराने फिल्मी दौर और काम करने के तरीके को लेकर हो रही है.
