पार्षदों के सवालों से भाग रही हैं मानगो नगर निगम की मेयर : सरयू राय

जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने मानगो नगर निगम की मेयर पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि निगम कानून से चले, मनमानी से नहीं, पार्षदों के सवालों का जवाब दें।

3 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

जमशेदपुर : जमशेदपुर पश्चिम के विधायक सरयू राय ने कहा है कि वह अपने अधिकार के प्रति नहीं बल्कि कर्तव्य के प्रति सचेत रहते हैं। यह कर्तव्यपालन ही मुझे विवश करता है कि जहाँ नियम कानून का पालन नहीं हो रहा हो, वहाँ ऐसा करने वाले को उनके आचरण के प्रति सचेत करूँ, गलत या भ्रष्ट आचरण का विरोध करूँ। सरयू राय ने कहा कि मानगो नगर निगम की मेयर अनर्गल प्रलाप कर रही हैं। नगरपालिका अधिनियम के किस प्रावधान ने उन्हें कौन सा अधिकार दिया है? वे बताएं कि उनके अधिकार के बारे में सरकार ने महाधिवक्ता का मंतव्य मांगा था या नहीं और मांगने पर महाधिवक्ता द्वारा दिया गया मंतव्य सरकार ने स्वीकार कर नगर निगम को निर्देश भेजा था या नहीं। यदि यह सत्य हो तो इसे स्वीकार करें अन्यता सरकार का विरोध करें। उनसे (सरयू राय) झगड़ा करने की कोशिश क्यों कर रही हैं? नगर निगम संचालित करने में विधायक की सीमित भूमिका है। निर्णय से संबंधित शक्ति वार्ड पार्षदों को है। लड़ाई मेयर और पार्षदों के बीच इस बात को लेकर है कि निगम कानून से चलेगा या मनमानी से? वे वार्ड पार्षदों को जवाब दें, या उनसे सवाल पूछें। वार्ड पार्षद जो कह रहे हैं वह सही है या नहीं। इस बीच उन्हें लाकर वो समस्या से और अपने गलत कारनामों से ध्यान भटका रही हैं।

सरयू राय ने कहा कि तीखी झड़पें वार्ड पार्षदों और मेयर के बीच हो रही हैं। स्वतंत्र रूप से विषय उठाने वाले पार्षदों को उनका समर्थक कहना मेयर की चाल और पार्षदों का अपमान है। पार्षदों में उनका कोई गुट नहीं है। पार्षद अपने विवेक से मेयर पर सवाल उठा रहे हैं। सरयू राय ने कहा कि निगम पर राजनीतिक नियंत्रण स्थापित करने की बात करना मेयर का शिगूफ़ा है। पार्षद तो उपायुक्त के पास जा रहे हैं क्योंकि मेयर उनकी बात नहीं सुनतीं। वह बैठक से बाहर चली जाती हैं। मेयर को चाहिए कि वो पार्षदों की सुनें और सही काम करें। मनमानी न करें। पार्षद यही तो कह रहे हैं। पार्षद विवेकवान हैं। वो जनहित में सवाल उठा रहे हैं। मेयर उनके सवालों से भागकर किसी झगड़ालू की तरह उनसे लड़ने के लिए गलत मोर्चा खोल रही हैं। अपनी विफलता का ठीकरा उन पर फोड़ने की राजनीति कर रही हैं।

Share This Article
विनीता चौबे को 10 साल का अनुभव है। उन्होनें सन्मार्ग से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। फिर न्यूज विंग, बाइस स्कोप, द न्यूज पोस्ट में भी काम किया। वे राजनीति, अपराध, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय घटनाओं से जुड़ी खबरों को सरल और तथ्यात्मक भाषा में पाठकों तक पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उनका प्रयास रहता है कि जमीनी स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को सही और विश्वसनीय जानकारी के साथ लोगों तक पहुंचाया जाए।