

रांची : झारखंड में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है। राजधानी रांची समेत राज्य के कई हिस्सों में मंगलवार सुबह से बारिश हो रही है। मौसम विभाग ने 1 सितंबर को राज्य के सात जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की आशंका को देखते हुए ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। गढ़वा, पलामू, लातेहार, लोहरदगा, गुमला, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम में कुछ स्थानों पर भारी से बहुत भारी बारिश हो सकती है। वहीं रांची, खूंटी, चतरा और सरायकेला-खरसावां में भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। कई इलाकों में गरज, वज्रपात और तेज हवाओं की भी संभावना है।
लगातार बारिश का असर अब जनजीवन पर दिखने लगा है। गिरिडीह के सिहोडीह पटेल नगर में सड़कें जलमग्न हो गई हैं। जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण नालियों का गंदा पानी घरों में घुस गया। जलजमाव के कारण राहगीरों और स्कूली बच्चों को आवागमन में परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जल निकासी की समस्या लंबे समय से बनी हुई है, लेकिन अब तक इसका स्थायी समाधान नहीं हो सका है।
जमशेदपुर में नदियां उफान पर
जमशेदपुर में लगातार बारिश के बीच खरकई और स्वर्णरेखा नदियों का जलस्तर भी बढ़ गया है। चांडिल डैम और गालूडीह बराज से पानी छोड़े जाने के कारण नदी किनारे और निचले इलाकों में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है। ऐसे में नदी के आसपास रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है।
मौसम विभाग के अनुसार 2 सितंबर को भी राज्य में बारिश से राहत मिलने की संभावना कम है। गुमला, सिमडेगा और पश्चिमी सिंहभूम में भारी बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है। 3 सितंबर को भी कई हिस्सों में गरज, वज्रपात और तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। हालांकि 4 से 6 सितंबर के बीच बारिश की गतिविधियों में कुछ कमी आने का अनुमान है। इस दौरान भी कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
लगातार बारिश के मद्देनजर प्रशासन और आम लोगों को सतर्क रहने की जरूरत है। भारी बारिश और वज्रपात के दौरान खुले मैदान, पेड़, बिजली के खंभे तथा नदी-नालों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी गई है।





