


रांची: झारखंड में श्रमिकों के लिए एक विशेष पंजीकरण अभियान शुरू किया गया है, जिसके तहत राज्य के लगभग 1.27 करोड़ श्रमिकों को सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है। श्रम, नियोजन एवं कौशल विकास विभाग द्वारा संचालित ‘झारखंड श्रमधान पोर्टल’ पर श्रमिक अपना ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। इस अभियान के माध्यम से असंगठित क्षेत्र के मजदूरों, निर्माण श्रमिकों और राज्य से बाहर काम करने वाले 16 लाख प्रवासी श्रमिकों का एकीकृत डाटा तैयार किया जा रहा है। पंजीकरण के बाद श्रमिकों को एक विशिष्ट पहचान पत्र प्रदान किया जाएगा, जिससे उन्हें बार-बार अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर काटने से मुक्ति मिलेगी और सभी योजनाओं की जानकारी तथा सहायता एक ही स्थान पर उपलब्ध हो सकेगी।





इस पहल के जरिए राज्य के असंगठित क्षेत्र के लगभग 96 लाख श्रमिकों को औजार, साइकिल, छात्रवृत्ति, चिकित्सा सहायता और विवाह जैसी 14 प्रमुख कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ा जाएगा। साथ ही भवन एवं अन्य निर्माण कार्य से जुड़े लगभग 15 लाख पंजीकृत मजदूरों को सुरक्षा और आर्थिक संबल देने की तैयारी है। इसके अलावा, यदि राज्य से बाहर काम करने वाले किसी प्रवासी मजदूर की दुर्घटना, बीमारी या अन्य किसी आपात स्थिति में मृत्यु होती है, तो ‘अंतरराज्यीय प्रवासी श्रमिक अनुदान योजना’ के तहत त्वरित आर्थिक मदद उनके परिजनों तक पहुंचाई जाएगी, ताकि श्रमिकों के सामाजिक व आर्थिक अधिकारों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके।
