कोझिकोड : केरलम के बेपोर में मछली पकड़ने वाली एक नाव के कक्ष में संदिग्ध जहरीली गैस की चपेट में आने से एक अन्य कर्मचारी की भी मौत हो गई। पुलिस ने रविवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने मृतक की पहचान पश्चिम बंगाल के निवासी सचिन दास के रूप में की है। शुक्रवार सुबह करीब साढ़े 10 बजे दास और पश्चिम बंगाल के ही दिलीप सुर बेपोर बंदरगाह पर मछली पकड़ने वाली ‘टेस्ला’ नाम की नाव के शीत भंडारण कक्ष में काम करने के दौरान बेहोश होकर गिर गए थे।

पुलिस ने बताया कि सुर की उसी दिन शाम करीब साढ़े चार बजे अस्पताल में मौत हो गई थी, जबकि अस्पताल में भर्ती दास ने रविवार तड़के दम तोड़ दिया। पुलिस ने बताया कि सुर के शव का पोस्टमार्टम करने वाले चिकित्सकों को संदेह है कि शीत भंडारण कक्ष में मछलियों को सुरक्षित रखने के लिए इस्तेमाल किए जाने वाले रसायनों से निकली गैस सांस के जरिए दोनों कर्मचारियों के शरीर में चली गई होगी। अधिकारियों ने बताया कि नाव में खाद बनाने के लिए रखी गई मछलियां लदी थीं।
अधिकारियों के अनुसार, पुलिस सर्जन ने कक्ष में ऑक्सीजन की कमी को भी दोनों कर्मचारियों की मौत का एक संभावित कारण बताया है। पुलिस के एक अधिकारी ने कहा, ‘‘हमने यह पता लगाने के लिए नमूने रासायनिक जांच के लिए भेजे हैं कि दोनों की मौत जहरीली गैस सांस के जरिए शरीर के अंदर जाने से हुई थी या नहीं।’’ पुलिस ने बताया कि जांच में मिलने वाले साक्ष्यों के आधार पर नाव के मालिक को भी आरोपी बनाया जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि फिलहाल अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज कर जांच की जा रही है।


