झारखंड

रांची में नाबालिग भाई-बहन की बेरहमी से हत्या, मचा हड़कंप, लोग दहशत में

शनिवार सुबह 4 बजे वारदात को अंजाम दिया गया, पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि हत्याकांड के पीछे की वजह प्रेम प्रसंग है

रांची: राजधानी रांची (Ranchi) में जिस तरह से अपराधी बेलगाम हो गए हैं, उससे आम लोगों भय का माहौल है।

पिछले कई दिनों से लोगों से छिनतई, मारपीट और हत्या जैसी घटनाओं को लेकर लोगों में आक्रोश भी है। दिलदहलाने वाला नया मामला रांची के पंडरा थाना क्षेत्र के जनकनगर से आया है।

यहां पर रहने वाले भाई और बहन की निर्मम तरीके से हत्या कर दी है। मृतकों में श्वेता सिंह (17) और प्रवीण कुमार उर्फ ओम (14) शामिल है।

वहीं, अपराधियों के हमले में दोनों मृतकों की मां चंदा देवी बुरी तरह से घायल हुई है चंदा देवी का रांची के रिम्स (Rims) अस्पताल में इलाज चल रहा है।

प्रेम-प्रसंग बताया जा रहा हत्या की वजह

शनिवार सुबह 4 बजे वारदात को अंजाम दिया गया। पुलिस की जांच में यह बात सामने आई है कि हत्याकांड के पीछे की वजह प्रेम प्रसंग है।

मृतक श्वेता और प्रवीण की माँ जो बुरी तरह से घायल हैं उन्होंने पुलिस को यह बयान दिया है कि उनकी बेटी के प्रेमी ने ही इस घटना को अंजाम दिया है।

दो अपराधियों ने वारदात को दिया अंजाम

जानकारी के अनुसार सुबह 4 बजे दो की संख्या में हत्यारे चंदा देवी के घर पहुंचे हैं और दरवाजा खुलवाया था दरवाजा श्वेता ने खोला था। इसके बाद हत्यारों ने हथौड़े से ताबड़तोड़ श्वेता उसके भाई प्रवीण और उसकी मां चंदा देवी पर हमला कर दिया।

इस हमले में श्वेता की मौके पर ही मौत (Death) हो गई जबकि उसकी मां और भाई बुरी तरह से जख्मी हो गए। मां और बेटे को मरा हुआ समझ दोनों हत्यारे छत के रास्ते से फरार हो गए।

पुलिस के जांच में यह बात भी सामने आई है कि जिस लड़के के साथ श्वेता का प्रेम प्रसंग चल रहा था उसके साथ पूर्व में विवाद भी हुआ था विवाद थाने तक पहुंचा था लेकिन बाद में मामले में सुलह कर ली गई थी।

हत्यारे की गिरफ्तारी के लिए पुलिस कर रही छापेमारी

पुलिस को यह पता चल चुका है कि हत्याकांड को किसने अंजाम दिया है हत्यारों को गिरफ्तार करने के लिए तीन अलग-अलग जगहों पर छापेमारी कर रही है।

हत्यारों के हाथों मारे गए भाई बहन के पिता संजीव कुमार सिंह आबू दाबू में नौकरी करते हैं। श्वेता और प्रवीण अपनी मां चंदा देवी के साथ जनक नगर स्थित एक घर में किराए के मकान में रहा करते थे।

श्वेता रांची के डीएवी बरियातू स्कूल की 12वीं की छात्रा थी जबकि प्रवीण भी डीएवी बरियातू (DAV Bariatu) में ही पढ़ा करता था।
बताया जा रहा है कि मोहल्ले वालों ने चंदा के पिता रामाधार सिंह को सूचना दी।

जिस समय रामाधार पहुंचे उस समय चंदा और प्रवीण की सांसें चल रही थीं। दोनों को अस्पताल भेजा गया हालांकि इलाज के क्रम में प्रवीण की मौत हो गई।

बता दें कि रांची में पिछले कुछ ही दिनों में कई वारदातों को अंजाम दिया जा चुका है। पूर्व मुख्यमंत्री शिबू सोरेन (Shibu Soren) के आवास के सामने भी पिछले दिनों गैंगवार हो चुका है।