
रांची/पलामू : पलामू जिले के पाटन निवासी अविनाश कुमार गौतम ने बिजली विभाग के कथित भ्रष्ट अधिकारियों और गलत बिजली बिल से परेशान होकर आत्महत्या करने की बात कही है। उन्होंने अपनी परेशानी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर साझा की। इस पोस्ट में उन्होंने सहायक अभियंता को दिए गए आवेदन और बिजली मीटर की तस्वीर भी लगाई और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को टैग किया।
सीएम ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए झारखंड बिजली वितरण निगम (JBVNL) के अधिकारियों और एमडी को टैग कर कहा कि ऐसी स्थिति बिल्कुल भी बर्दाश्त योग्य नहीं है। साथ ही अधिकारियों को निर्देश दिया कि मामले का तुरंत संज्ञान लें, गलती सुधारें और दोषियों पर सख्त कार्रवाई करें।
अविनाश कुमार ने अपने पोस्ट में बताया कि वे पाटन के मेराल गांव के रहने वाले हैं और उनके नाम से एक दुकान का बिजली कनेक्शन है। दिसंबर 2021 में 1280 रुपये और मार्च 2022 में 322 रुपये का बिल आया था, जिसे उन्होंने जमा कर दिया। लेकिन बाद में मीटर रीडिंग को नजरअंदाज करते हुए 21,128 रुपये का गलत बिल जारी कर दिया गया।
उन्होंने 30 सितंबर 2024 को आवेदन भी दिया, लेकिन सुधार नहीं हुआ। आरोप है कि बिल ठीक करने के बदले 50 प्रतिशत राशि रिश्वत के रूप में मांगी गई। परेशान होकर उन्होंने 21 अप्रैल को सीएम को टैग कर अपनी समस्या बताई।


