
रांची: राजधानी के शहीद चौक पर नाबार्ड की ओर से आयोजित ‘आम महोत्सव’ इन दिनों शहरवासियों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। इस महोत्सव में झारखंड के विभिन्न जिलों से आए किसान और महिला स्वयं सहायता समूहों (SHGs) के सदस्य अपने-अपने क्षेत्रों की खास और बेहतरीन आम की वैरायटी लेकर पहुंचे हैं। मेले में मुख्य रूप से हिमसागर, मालदा, मल्लिका और आम्रपाली जैसी प्रसिद्ध किस्मों के आमों की जबरदस्त मांग देखी जा रही है।
इस महोत्सव की सबसे बड़ी खासियत यहां मिलने वाले आमों की शुद्धता है। मेले में स्टॉल लगाने वाले किसानों ने बताया कि ये सभी आम पूरी तरह से ऑर्गेनिक हैं। इन्हें उगाने में किसी भी प्रकार के रासायनिक खाद या कीटनाशकों का उपयोग नहीं किया गया है, जिससे इनका प्राकृतिक स्वाद और पौष्टिकता बरकरार है। लोग इन केमिकल-मुक्त आमों की जमकर खरीदारी कर रहे हैं।
सोशल मीडिया और व्यापार मेले का दिखा असर
महोत्सव में आम खरीदने पहुंचे लोगों ने बताया कि उन्हें इस आयोजन की जानकारी मुख्य रूप से सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम*ल के जरिए मिली। इसके अलावा, हाल ही में आयोजित एक कृषि व्यापार मेले में भी इन किसानों द्वारा स्टॉल लगाए गए थे। मेले में आम की दर्जनों वैरायटियों को डिस्प्ले पर लगाया गया है, जो लोगों को काफी आकर्षित कर रही हैं। बिचौलियों के न होने से राजधानीवासियों को किफायती दामों पर सीधे बागानों से टूटे ताजे आम मिल रहे हैं। वहीं किसानों ने बताया कि रांची के बाजार में उन्हें उनके आम का सही दाम मिल पाया है।

