रांची: राज्य सरकार की भवन नियमितीकरण योजना के तहत अवैध भवनों को नियमित करने के लिए आवेदन जमा किए 83 दिन बीत चुके हैं, लेकिन प्रक्रिया को आगे बढ़ाने वाला ऑनलाइन पोर्टल अब तक चालू नहीं हो सका है। इसके कारण पूरे राज्य भर से आए 4542 आवेदन अधर में लटके हुए हैं। आवेदन जमा करने के बावजूद नक्शों और दस्तावेजों की जांच प्रक्रिया शुरू न होने से आवेदकों की परेशानी लगातार बढ़ रही है। लोग अपनी फाइलों की स्थिति जानने के लिए प्रतिदिन नगर निगम और आरआरडीए के चक्कर काट रहे हैं, लेकिन अधिकारी और कर्मचारी पोर्टल बंद होने का हवाला देकर शासन से अगले निर्देशों की प्रतीक्षा की बात कह रहे हैं।
भवनों के नियमितीकरण की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से ही पूरी होनी है। दस्तावेजों की जांच, आपत्तियों का निपटारा और नक्शा स्वीकृति जैसे सभी काम पोर्टल खुलने पर ही संभव हो पाएंगे। आंकड़ों के अनुसार, सबसे अधिक 1642 आवेदन रांची नगर निगम और 539 आवेदन आरआरडीए में प्राप्त हुए हैं, जबकि शेष आवेदन राज्य के अन्य नगर निकायों में जमा किए गए हैं। पोर्टल के निष्क्रिए रहने के कारण संबंधित निकाय किसी भी फाइल पर आगे की कार्रवाई नहीं कर पा रहे हैं। एक तरफ जहां आवेदकों को राहत मिलने की उम्मीद अधर में है, वहीं पोर्टल बंद रहने के बीच निगम और आरआरडीए के अफसर अवैध भवनों को नोटिस भेजकर कार्रवाई की प्रक्रिया भी कर रहे हैं, जिससे लोगों में भारी आक्रोश है।



