सदर अस्पताल से फायर सेफ्टी वीक की शुरुआत, सभी अस्पतालों में होगी सुरक्षा जांच रिपोर्ट अनिवार्य!

रांची के सदर अस्पताल में फायर सेफ्टी वीक का शुभारंभ, स्वास्थ्यकर्मियों को अग्नि सुरक्षा की शपथ दिलाई गई और अस्पतालों में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने पर जोर दिया गया।

2 Min Read
WhatsApp Group Join Now
Instagram Follow Now

रांची: सदर अस्पताल में सोमवार को फायर सेफ्टी वीक का राज्य स्तरीय शुभारंभ किया गया। इस कार्यक्रम का उद्घाटन राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के एमडी शशि प्रकाश झा ने किया। कार्यक्रम के दौरान राज्यभर के पदाधिकारियों, डॉक्टरों और स्वास्थ्यकर्मियों को अग्नि सुरक्षा की शपथ दिलाई गई। इस शपथ के जरिए आग से बचाव, आपात स्थिति में सुरक्षा उपायों को लेकर जागरूक रहने का संदेश दिया गया।  इस वर्ष फायर सेफ्टी वीक की थीम है-“सुरक्षित स्कूल, सुरक्षित अस्पताल और अग्नि सुरक्षा जागरूक समाज, आग की रोकथाम के लिए मिलकर प्रयास”।  इस कार्यक्रम के तहत सभी स्वास्थ्य संस्थानों को सतर्क और तैयार रहने पर विशेष जोर दिया गया है। साथ ही 5 से 7 मई तक चलने वाली वेबिनार श्रृंखला में अधिकतम भागीदारी की अपील भी की गई है। इसके अलावा पोस्टर प्रतियोगिता, प्रश्नोत्तरी, मॉक ड्रिल, एग्जिट प्लान तैयार करना और संभावित खतरों पर जागरूकता जैसे कई कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे।

अभियान निदेशक ने सभी जिला अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों को निर्देश दिया है कि वे फायर सेफ्टी एसेसमेंट कर उसकी रिपोर्ट पोर्टल पर अपलोड करें। साथ ही फायर सेफ्टी ऑडिट, अग्निशमन उपकरणों की उपलब्धता और उनकी कार्यशीलता सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। इसी दौरान एनएचएम के तहत नवनियुक्त स्वास्थ्यकर्मियों के लिए ओरिएंटेशन कार्यक्रम भी हुआ, जिसमें एएनएम और लैब तकनीशियनों को विभिन्न स्वास्थ्य योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम में कई वरिष्ठ अधिकारी, डॉक्टर और स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।

Share This Article
विनीता चौबे को 10 साल का अनुभव है। उन्होनें सन्मार्ग से पत्रकारिता की शुरुआत की थी। फिर न्यूज विंग, बाइस स्कोप, द न्यूज पोस्ट में भी काम किया। वे राजनीति, अपराध, सामाजिक मुद्दों और स्थानीय घटनाओं से जुड़ी खबरों को सरल और तथ्यात्मक भाषा में पाठकों तक पहुंचाने के लिए जानी जाती हैं। पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय रहते हुए उनका प्रयास रहता है कि जमीनी स्तर की महत्वपूर्ण खबरों को सही और विश्वसनीय जानकारी के साथ लोगों तक पहुंचाया जाए।