रांची : सराफ परिवार के तत्वावधान में महाराजा अग्रसेन भवन में आयोजित सात दिवसीय श्रीमद्भागवत गीता कथा अमृत महोत्सव के पंचम दिवस बुधवार को कथा स्थल भक्तिमय एवं आध्यात्मिक वातावरण से सराबोर रहा। जगन्नाथधाम के सुप्रसिद्ध कथावाचक एवं व्यास महाराज दिनेश जी भारद्वाज ने व्यास पीठ से भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाओं, माखन लीला, गोवर्धन पर्वत एवं श्रीकृष्ण-बलराम के विभिन्न दिव्य प्रसंगों का भावपूर्ण एवं विस्तृत वर्णन किया। कथावाचक दिनेश जी भारद्वाज ने कहा कि भगवान श्रीकृष्ण की बाल लीलाएं केवल मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि उनमें गहरे आध्यात्मिक संदेश निहित हैं। नटखट बालकृष्ण की माखन चोरी, ग्वाल-बालों के साथ उनकी क्रीड़ाएं तथा माता यशोदा के वात्सल्य प्रसंगों का वर्णन सुनकर श्रद्धालु भावविभोर हो उठे। उन्होंने कहा कि भगवान की बाल लीलाएं भक्त और भगवान के बीच प्रेम, वात्सल्य और आत्मीयता का अद्भुत संबंध स्थापित करती हैं।
व्यास महाराज ने गोवर्धन पर्वत की महिमा का वर्णन करते हुए बताया कि भगवान श्रीकृष्ण ने ब्रजवासियों को प्रकृति एवं गोवर्धन पर्वत के प्रति कृतज्ञता का संदेश दिया। इंद्र के प्रकोप से ब्रजवासियों की रक्षा के लिए भगवान ने अपनी कनिष्ठ अंगुली पर गोवर्धन पर्वत धारण कर समस्त ब्रजवासियों को आश्रय प्रदान किया। यह प्रसंग श्रद्धा, अहंकार त्याग और ईश्वर की शरणागति का संदेश देता है,श्रीकृष्ण-बलराम की लीलाओं पर आधारित सजीव झांकियों का मनोहारी चित्रण प्रस्तुत किया गया। कथा स्थल को आकर्षक पुष्पों एवं भव्य सजावट से अलौकिक रूप प्रदान किया गया था। सुमधुर भजनों की प्रस्तुति के दौरान श्रद्धालु भावविभोर होकर झूमते और भगवान श्रीकृष्ण के जयकारे लगाते नजर आए। इस अवसर पर झारखंड प्रांतीय मारवाड़ी युवा मंच एवं अखिल भारतीय मारवाड़ी महिला सम्मेलन की ओर से कथा व्यास जी का अभिनंदन और सम्मान किया गया।कथा के समापन पर सामूहिक आरती की गई तथा श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद का वितरण किया गया।
मीडिया प्रभारी संजय सर्राफ ने बताया कि कथा के षष्ठम दिवस भगवान श्रीकृष्ण की कंस वध लीला एवं रुक्मणी विवाहोत्सव का दिव्य प्रसंग प्रस्तुत किया जाएगा। वहीं सप्तम एवं अंतिम दिवस सुदामा चरित्र, राजा परीक्षित उद्धार एवं कथा की पूर्णाहुति होगी। इस अवसर पर दयानंद सर्राफ, सीताराम सर्राफ, गोपाल सर्राफ, ओम सर्राफ, गिरधारी सर्राफ, पवन सर्राफ, भगवान सर्राफ, रामस्वरूप सर्राफ, प्रदीप सर्राफ,अनुप सर्राफ, संजय सर्राफ, दिलीप सर्राफ, विजय सर्राफ, संदीप सर्राफ, मोनू सर्राफ, विक्रांत सर्राफ, अंशूल सर्राफ, मुकेश त्रिवेदी, राजा शर्मा, विशाल पाड़िया, विकास अग्रवाल,नीरा बथवाल, मधु सर्राफ, रीना सुरेखा, गौरीशंकर अग्रवाल सरवन सिंघानिया,बांकेबिहारी तरुण सर्राफ, विजय गुप्ता, सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।

