

रांची : मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के TDPL एजेंसी द्वारा कराई गई सभी परीक्षाओं को रद्द करने के फैसले के बाद झारखंड की कई अहम परीक्षाओं पर भी संकट खड़ा हो गया है। इनमें झारखंड लोक सेवा आयोग की 14वीं संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा भी शामिल है। आयोग की करीब एक दर्जन से ज्यादा परीक्षाओं के रद्द होने की आशंका जताई जा रही है। 14वीं JPSC मुख्य परीक्षा के अलावा कई अन्य महत्वपूर्ण नियुक्ति परीक्षाएं भी इस फैसले की चपेट में आ सकती हैं। इनमें बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, झारखंड सहायक वन संरक्षक, वन क्षेत्र पदाधिकारी और विभिन्न विश्वविद्यालयों में गैर-शैक्षणिक पदों पर नियमित नियुक्ति से जुड़ी परीक्षाएं शामिल हैं।





14वीं JPSC मुख्य परीक्षा भी प्रभावित
14वीं संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा-2025 के जरिए कुल 103 पदों पर नियुक्ति होनी है। इसके अलावा संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा-2023 बैकलॉग और संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा-2025 बैकलॉग भी संभावित रूप से प्रभावित हो सकती हैं। अगर इन परीक्षाओं को रद्द किया जाता है, तो बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों की तैयारी और नियुक्ति प्रक्रिया पर सीधा असर पड़ेगा।
इन 13 परीक्षाओं पर भी मंडरा रहा संकट
- 14वीं संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा-2025-103 पद
- संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा-2023 (बैकलॉग)-8 पद
- संयुक्त सिविल सेवा मुख्य परीक्षा-2025 (बैकलॉग)-45 पद
- सिविल जज जूनियर डिविजन (लिखित) परीक्षा-138 पद
- सहायक लोक अभियोजक लिखित परीक्षा (बैकलॉग)-26 पद
- कारखाना निरीक्षक लिखित परीक्षा-14 पद
- प्रोजेक्ट मैनेजर लिखित परीक्षा-30 पद
- सहायक लोक अभियोजक लिखित परीक्षा (नियमित)-134 पद
- वाणिज्य निरीक्षक परीक्षा-5 पद
- बाल विकास परियोजना पदाधिकारी-64 पद
- झारखंड सहायक वन संरक्षक-78 पद
- वन क्षेत्र पदाधिकारी-178 पद
- विभिन्न विश्वविद्यालयों में गैर-शैक्षणिक पदों पर नियमित नियुक्ति-16 पद
